इससे कम वालों को इससे मुक्त रखा जाए। यह मांग उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के अध्यक्ष बनवारी लाल कंछल ने उठाई है।
जिला पंचायत कार्यालय में गुरुवार को पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि सीलबंद सामानों के सैंपल में यदि कोई खराबी निकलती है तो उस कंपनी के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए न कि व्यापारियों के खिलाफ जो उसे बेचता है।
व्यापारियों के खिलाफ उसी सूरत में कार्रवाई होनी चाहिए जब उनके यहां खुले सामानों में गड़बड़ी मिले। एक सवाल के जवाब में उन्होंने बताया कि एक निजी इंश्योरेंस कंपनी के जरिये व्यापारियों का सस्ता और सुरक्षित बीमा कराया जा रहा है।
इसमें 82 पैसे प्रतिदिन के हिसाब से प्रीमियम देकर पांच लाख तक का आगजनी, सेंधमारी, डकैती, छिनैती, लूट एवं व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा किया जा रहा है। व्यापारियों को इसका लाभ उठाना चाहिए।
कंछल ने बताया कि व्यापारियों की समस्याओं का समाधान सरकार के जरिये कराया जा रहा है। इसी के निदान के लिए संगठन की ओर से जनपद स्तर पर सम्मेलन आयोजित किए जा रहे हैं।
अब तक प्रदेश के दो दर्जन जिलों में सम्मेलन आयोजित किए जा चुके हैं। एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि सरकार को अब बाट-माप पर मुहर लगाने की पंरपरा बंद कर देनी चाहिए क्योंकि अब इलेक्ट्रानिक माप आ गया है।