शनिवार को दोपहर 12 बजे तक जहां जाने वाले वाहनों की संख्या 15 हजार और लौटने वाले की छह हजार थी। वहीं दो ही घंटे बाद यह आंकड़ा बढ़कर 18 प्रयागराज की तरफ जाने वाले और 15 हजार वाहन वहां से लौटने वाले वाहनों की संख्या हो गई। शाम सात बजे तक 25 हजार वाहन प्रयागराज जा चुके थे। वहीं लौटने वाले वाहन 15 हजार रहे।
लगातार बढ़ते वाहनों के दबाव को देखते हुए एडीएम कुंवर वीरेन्द्र मौर्य, एडीशनल एसपी डॉ. तेजबीर सिंह और सीओ चमन सिंह चावड़ा के साथ अन्य पुलिसकर्मी हाईवे पर उतरे। दोपहर 11 बजे के आसपास टोल प्लाजा के पास छह किमी लंबी वाहनों की कतार लग गई।
लगातार बढ़ते वाहनों के दबाव को देखते हुए जिला प्रशासन ने आनन-फानन में आधे घंटे के लिए टोल को निशुल्क कर सभी वाहनों को टोल से निकाला। हालांकि इसके बाद भी टोल पर 500 मीटर तक वाहनों का दबाव दोनों लेन पर बना रहा।
पुलिस ने हटवाई कालीन की दुकानें
प्रयागराज से वाराणसी जाते समय टोल के कुछ पहले भारी संख्या में कालीन दुकानदारों ने राजमार्ग सड़क के किनारे अपनी दुकानें सजाई हुई हैं। जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है, ऐसे में एएसपी डाॅ. तेजवीर सिंह के निर्देश पर पुलिस ने सड़क पर लगीं दुकानों को हटवाया।
टोल के पास सड़क से पुलिस ने हटवाया अवैध अतिक्रमण
लालानगर टोल के आसपास सर्विस लेन पर अवैध तरीके से मैजा कुर्सी आदि सामान रखकर दुकानदारों द्वारा अतिक्रमण किया गया था। जिससे वाहनों की जाम की समस्या खड़ी हो जा रही थी। शनिवार को एडीएम कुंवर वीरेन्द्र मौर्य, एएसपी डॉ. तेजबीर और सीओ चमन सिंह चावड़ा ने टोल प्लाजा के पास सर्विसलेन के अतिक्रमण को हटवाया।
700 से 800 गाड़ियां निशुल्क निकलीं
टोल पर शनिवार को सुबह लगभग 11 बजे के वाराणसी से प्रयागराज जाने वाले लेन पर भारी वाहनों का दबाव बढ़ से करीब 700 से 800 गाड़ियां निशुल्क निकलीं। टोल के प्रबंधक राकेश रंजन ने बताया कि मेले की भीड़ को देखते हुए एनएचआई का निर्देश प्राप्त हुआ है कि जो गाड़ियां टोल देने में सक्षम नहीं हैं। उन्हें जाने दिया जाए।
तीन घंटे तक मिर्जापुर की तरफ नहीं गईं गाड़ियां
प्रयागराज संगम तट तक पहुंचने के लिए तमाम वाहन चालक मिर्जापुर का रास्ता अपना रहे थे। बताया जा रहा है कि वाराणसी-भदोही वाया प्रयागराज जाने पर उन्हें अंदावा ही रुकना पड़ता है। जिसके बाद संगम तक जाने के लिए लंबा रूट तय करना पड़ता था। वहीं अगर मिर्जापुर की ओर जाते हैं तो उन्हें नैनी तक जाने का मौका मिलता है। जिस कारण तमाम लोग मिर्जापुर का रूट पकड़ लिए।
जिससे मिर्जापुर में वाहनों का दबाव बढ़ गया। मिर्जापुर प्रशासन से सूचना मिलते ही एसपी अभिमन्यु मांगलिक के निर्देश पर मिर्जापुर से प्रयागराज जाने वाले वाहनों को हाईवे की तरफ डायवर्ट कर दिया गया। तीन घंटे तक कोई भी वाहन मिर्जापुर की तरफ नहीं जाने दिए गए। औराई चौराहे से ही इन वाहनों को रोक दिया जा रहा था।