भदोही। राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर संगठन, उप्र पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम के निजीकरण का विरोध करता है। प्रबंधन ने मनमाने ढंग से लिए निजीकरण के फैसले के विरोध में मजबूर होकर जोरदार ढंग से विरोध प्रदर्शन और आंदोलन का निर्णय लिया है। इस संबंध में वितरण/ पारेषण/ उत्पादन निगमों के मुख्यालयों के सदस्यों से संवाद कर दो सितंबर से अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर शाम तीन बजे से पांच बजे तक दो घंटे ध्यानाकर्षण आंदोलन करेंगे।
संगठन के केंद्रीय पर्यवेक्षक इंजीनियर अवधेश मिश्र ने बताया कि इस बारे में ऊर्जा प्रबंधन को अपनी जायज मांगों से अवगत कराया जा चुका है। आंदोलन के क्रम में आठ सिंतबर को 48 घंटे उपभोक्ताओं की सेवा अभियान भी चलाया जाएगा। साथ ही लोगों को निजीकरण के दुष्प्रभावों से भी अवगत कराने का निर्णय लिया गया। कहा कि इसके लिए व्यापक जनजागरण व जनसंपर्क अभियान शुरू कर दिया गया है। इसमें सोशल मीडिया की सहायता ली जा रही है।
सदस्यों ने कहा कि अब तक कारपोरेशन प्रबंधन द्वारा सकारात्मक रुख नहीं दिखाया गया है जिससे कोरोना काल में अवर अभियंता संवर्ग को आंदोलन करने के लिए विवश होना पड़ा है। लोगों ने आगाह किया कि यदि प्रबंधन अपने अड़ियल रवैये पर कायम रहा तो अगले चरण में व्यापक आंदोलन करेंगे। बैठक में क्षेत्रीय सचिव इं.सुनील कुमार, इं.दीपक दुबे, हरिशंकर कुशवाहा, मनोज कुमार, अभिषेक प्रजापति, सुजीत पटेल, प्रमोद चौहान आदि रहे।