जेद्दा से पहले जत्थे में रवाना हज यात्रियों में रोटहा निवासी कालीन निर्यातक हाजी साबिर अली बुधवार को सफर पूरा करके वापस आए।
बाबतपुर एयरपोर्ट पर उन्हें गांव समेत आस-पास क्षेत्र के दर्जनों की संख्या में लोगों ने पहुंचकर रिसीव किया।
रास्ते में जगह-जगह इस्तकबाल किया गया। माला फूल पहनाकर लोगों ने मुकद्दस सफर सलामती के साथ पूरा होने पर मुबारक बाद दी।
हाजी साबिर अपनी अहलिया निकहत बेगम और 17 वर्षीय बेटी शाहिबा के साथ हज के सफर पर गए थे। रोटहां पहुंचने पर मदरसा मदीनतुल इल्म में प्रिंसिपल कारी अनवर अली के नेतृत्व में शिक्षकों, बच्चों ने माला फूल पहना, गले मिलकर मुबारक बाद दी।
इसके बाद घर पहुंचने पर आने का इंतजार कर रहे लोगों ने गले मिलकर मुबारक बाद दी। इस मौके पर हाजी दीन अली, हाजी अकील अहमद, हाजी अलाउद्दीन अंसारी,मुश्ताक अली, इम्तियाज अंसारी, कलीम अहमद, परवेज आलम, हसनैन अंसारी आदि थे