जिले में 20 जुलाई को वृहद पौधरोपण अभियान के तहत 24 विभाग के समन्वय से 13 लाख 15 हजार पौधरोपण किए गए थे। इसके बाद से विभागीय अधिकारी कर्मचारी रोपे गए पौधों की जियो टैगिंग करने में जुटे हैं। शुक्रवार तक हरितमा एप पर 35 फीसदी करीब तीन लाख 90 हजार पौधों की जियो टैगिंग की जा चुकी है। इसकी निगरानी सीधे शासन स्तर से की जा रही है। इसमें लापरवाही बरतने पर सीधे विभागीय अधिकारी की जवाबदेही होगी।
सूखे पौधों की जियो टैगिंग नहीं होगी। पौधा सूखने न पाए इसके लिए कर्मचारी तेजी से हरितमा एप पर जियो टैगिंग कर रहे हैं। इसका परिणाम है कि छह दिन में ही 35 फीसदी से अधिक जियो टैगिंग का कार्य पूरा कर लिया गया है, जबकि पिछले साल पौधों की टैगिंग करने में महीने गुजर जाते थे, फिर भी टैगिंग नहीं हो पाई थी। इसके चलते कई विभागों की रिपोर्ट लगाने में प्रशासन की ओर से त्रूटियां हुई थीं।
डीएफओ नीरज आर्य ने बताया कि शुक्रवार तक करीब 35 फीसदी पौधों की जियो टैगिंग की जा चुकी है। टैगिंग का काम अभी चल रहा है। उम्मीद है कि जल्द ही इसे पूरा कर लिया जाएगा। इसमें किसी विभाग को दिक्कतें आ रही हैं तो जानकारी लेकर उसे दूर कर सकते हैं।