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Bhadohi News: नागा बाबा और उड़िया आश्रम तक पहुंचा गंगा का पानी, 78 मीटर के पार जलस्तर

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सीतामढ़ी में गंगा बाढ़ के पानी से डूबी पक्की सीढियां। संवाद
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गंगा के जलस्तर में एक बार फिर तेजी से बढ़ोतरी शुरू हो गई है। केंद्रीय जल आयोग के सीतामढ़ी मीटर गेज पर बुधवार शाम छह बजे जलस्तर 78.110 मीटर दर्ज किया गया, जो इस सीजन का अब तक का सर्वाधिक है। बाढ़ का पानी इटहरा के पश्चिम वाहिनी गंगा तट स्थित नागा बाबा आश्रम के समीप पहुंच गया है। वहीं, सीतामढ़ी स्थित उड़िया बाबा आश्रम की नींव तक पानी पहुंच गया है। जलस्तर बढ़ने से तटवर्ती और कटान प्रभावित गांवों के लोगों की चिंता बढ़ गई है।
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जिले में गंगा के जलस्तर में पिछले कई दिनों से उतार-चढ़ाव जारी है। मंगलवार को पहले जलस्तर स्थिर रहा और बाद में करीब 20 सेंटीमीटर की कमी दर्ज की गई थी। प्रदेशभर में हो रही भारी बारिश का पानी गंगा में पहुंचने के बाद बुधवार सुबह से जलस्तर तेजी से बढ़ने लगा। करीब चार से पांच सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ोतरी होने के कारण जलस्तर 78 मीटर के पार पहुंच गया है।
इटहरा, छेछुआ और भुर्रा समेत अन्य कटान प्रभावित गांवों के किसानों को अब गंगा कटान की चिंता सताने लगी है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि जलस्तर बढ़ने का सिलसिला इसी तरह जारी रहा तो अगले एक-दो दिनों में कोनिया क्षेत्र के इन गांवों में कटान शुरू हो सकता है। बाढ़ और कटान की आशंका को देखते हुए ग्रामीण नदी के जलस्तर पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।
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कटान से गंगा में समा जाती है उपजाऊ भूमि
जिले में गंगा का जलस्तर भले ही अभी चेतावनी बिंदु से करीब दो मीटर नीचे है, लेकिन इटहरा, छेछुआ और भुर्रा अति संवेदनशील क्षेत्र हैं। ग्रामीणों के अनुसार यहां जलस्तर 78 मीटर के पार पहुंचते ही उपजाऊ भूमि कटकर गंगा में समाने लगती है। पूर्व के वर्षों में कटान के कारण 15 से 20 किसानों की कई बिस्वा जमीन गंगा में समा चुकी है।

बाढ़ चौकियां सक्रिय, कंट्रोल रूम से लें मदद
गंगा के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए तटवर्ती इलाकों में बनाई गई 22 बाढ़ चौकियों को सक्रिय कर दिया गया है। भदोही कलेक्ट्रेट स्थित बाढ़ नियंत्रण कक्ष में भी टीमें तैनात हैं। बाढ़ या जलभराव से जुड़ी समस्या होने पर 05414-250223 और 05414-250308 पर संपर्क किया जा सकता है। तहसीलदार अजय सिंह ने बताया कि सभी बाढ़ चौकियां सक्रिय हैं और वहां सुरक्षा के इंतजाम किए गए हैं। किसी भी समस्या की स्थिति में लोग कंट्रोल रूम से संपर्क कर सकते हैं।

वर्जन
सभी बाढ़ चौकियों पर टीमें अलर्ट हैं। विभागों की ओर से व्यवस्थाएं दुरुस्त हैं। गंगा का जलस्तर करीब पांच सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ रहा है। बुधवार को जलस्तर 78.110 मीटर दर्ज किया गया। हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। - सुधीर कुमार पाल, एक्सईएन, नहर
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