कहा कि विभाग के कर्मचारी बैकडोर से 80 फीसदी ठेकेदारी कर रहे हैं। खराब ट्रांसफार्मर को बदलने के लिए पांच से 10 हजार की वसूली प्रथा को बंद करने के लिए कहा।
साथ ही 72 घंटे में ट्रांसफार्मर न बदलने पर एफआईआर की चेतावनी दी।
शनिवार को वह नगर के बालीपुर में तीन करोड़ 46 लाख की लागत से बनकर तैयार 33/11 केवी उपकेंद्र के लोकार्पण समारोह में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे।
उन्होंने कहा कि जनता को बिजली की समस्या न हो इसके लिए मुख्यमंत्री तहसील स्तर पर उपकेंद्र की सौगात दी है। 2016 तक ग्रामीण इलाकों में 15 घंटे, तहसील में 18 और शहरी इलाकों में 20 घंटे बिजली मिलेगी।
कहा कि ग्रामीणों की मांग पर एक साल पूर्व वह अपने निधि से 100 से अधिक ट्रांसफार्मर गांव-गांव तक पहुंचाया, लेकिन विभागीय लापरवाही के चलते ट्रांसफार्मर आज तक नहीं लग सका।
ट्रांसफार्मर जलने के बाद नए ट्रांसफार्मर के लिए पांच से 10 हजार की कमीशनखोरी को बंद करने का निर्देश दिया। कहा कि मुख्यमंत्री का निर्देश है कि ट्रांसफार्मर जलने के बाद उसे 72 घंटे में बदल दें, अन्यथा ठेकेदारों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
इसके पूर्व विधायक ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच उपकेंद्र का बटन दबाकर शुभारंभ किया। परिसर में विधायक और जिलाधिकारी ने पौधरोपण भी किया। जिलाधिकारी प्रकाश बिंदु ने कहा कि जनता को स्वास्थ्य, शिक्षा, बिजली, पानी जैसी मूलभूत सुविधा के लिए मुख्यमंत्री कार्य कर रहे हैं।
उपकेंद्र बनने से बिजली आपूर्ति में सुधार होगा। इस मौके पर अधीक्षण अभियंता एसके मिश्रा, एक्सईएन बिजली अवधेश पासवान, डीघ ब्लाक प्रमुख मनीष मिश्रा, दिवाकर शुक्ल सहित कई लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन ब्रह्मजीत शुक्ला ने किया।
व ने धन्यवाद ज्ञापित किया।