वहीं दूसरी ओर सीखड़ रजवाहा बंद करने की खबर से सिंचाई विभाग में खलबली मच गई। गांव में विभागीय कर्मचारियों की टीम पहुंचकर मामले की जांच किया। किसान को समझाकर ईंट हटाने की मांग की गई, लेकिन वह नहीं माना। सिंचाई विभाग ने मामले की शिकायत उच्चाधिकारियों से किया। सहायक अभियंता राबिन वर्मा ने बताया कि टीम जांच के लिए गई थी। किसान को समझाया जा रहा है। अगर अतिक्रमण नहीं हटाया गया तो विधिक कार्रवाई की जाएगी।
.. तो 50 से 100 गांव में सिंचाई होगी प्रभावित
धान की नर्सरी के पानी के लिए जल्द ही नहर चालू होगी। 10 जून के बाद कभी भी नहर को चालू किया जाएगा। ऐसे में समय रहते सीखड़ रजवाहा को नहीं खोला गया तो 50 से 100 गांव में सिंचाई की समस्या बढ़ जाएगी। इससे धान के सीजन में किसानों को परेशान होना पड़ सकता है।