सुरियावां/गोपीगंज। लॉकडाउन में जलनिगम की अनदेखी के चलते नगर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक स्थापित नलकूप, समूह पेयजल योजनाओं की हालत दिनों दिन खराब हो जाने से लोगों में पेयजल के लिए परेशान होना पड़ रहा है। इसको लेकर लोगों में नाराजगी है।
नगर पंचायत सुरियावां के फाटक गली समेत अन्य वार्डों में दो सप्ताह से पेयजल आपूर्ति बेपटरी हो गई है। समस्या का समाधान न होने पर लोगों को अब निजी पंप का सहारा लेना विवशता बन रही है। मुस्लिम, नईम, मकसूद, रईश, गुड्डू, सब्बीर आदि ने आरोप लगाया है कि सप्ताह पूर्व से ही ईओ और चेयरमैन को समस्या की जानकारी दी गई है, लेकिन समाधान हो पाना मुश्किल हो रहा है। लॉकडाउन में फंसे वार्डवासियों को भीषण गर्मी के साथ-साथ असहनीय धूप में पानी की जरूरत पड़ रही है, लेकिन वर्षों से लगी पाइप लाइनें काफी हद तक जर्जर हो चुकी हैं। जब भी जलापूर्ति शुरू की जाती है। घरों में दुर्गंधयुक्त दूषित पानी ही पहुंचता है जो बीमारियों को बढ़ाने में मददगार है। गंदे पानी से अजीज आ चुके वार्डवासी निजी सबमर्सिबल से पानी भरने के मजबूर हैं।
नगर पालिका गोपीगंज के वार्ड नंबर तीन में लगे नलकूप से अंजही, पश्चिम, सदर मोहाल में हो रही दूषित जलापूर्ति के खिलाफ व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष श्रीकांत जायसवाल ने ईओ अमिता सिंह को पत्रक भेज कर समस्या के समाधान की मांग की। आरोप है कि नलकूप के आसपास गंदगी और पाइप लाइनों के जर्जर हो जाने से उक्त समस्या आ रही है, जिसे ठीक कराने का दावा तो किया गया लेकिन अभी तक कोई कदम नहीं उठ सका। पालिकाध्यक्ष प्रह्लाद दास गुप्ता का कहना रहा कि अभी तक ऐसी शिकायत नहीं आई है।