सीतामढ़ी। कोनिया क्षेत्र के शेरपुर गांव में बुधवार की रात डीघ राजवाहे का तटबंध टूट गया। इससे राजवाहे का पानी प्राथमिक विद्यालय, आंगनबाड़ी केंद्र और माली बस्ती में घुस गया। सुबह चारो तरफ जलभराव देख लोग परेशान हो उठे। स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र पर बच्चों को पकड़ कर शिक्षकों ने कक्षाओं तक पहुंचाया।
यही नहीं अतिबल शाह पट्टी गांव के कई घरों के आसपास राजवाहे का पानी भर गया है। जिससे बस्ती के लोगों को परेशानियों के सामना करना पड़ रहा है।
ज्ञानपुर पंप नहर परियोजना के तहत कोनिया क्षेत्र के किसानों के खेतों की सिंचाई का मुख्य साधन डीघ रजवाहा है। वैसे तो इस रजवाहा से कोनिया के किसानों के खेतों की प्यास नहीं बुझ पाती है। इसके रखरखाव में विभागीय लापरवाही के चलते क्षमता से टेल (अंतिम छोर) तक पानी नहीं पहुंचता है। नहर की साफ-सफाई भी ठीक ढंग से नहीं की गई है। जिससे राजवाहे में पानी का दबाव बनने की वजह से बुधवार को शेरपुर गांव के पास इसका तटबंध टूट गया। जिससे नहर का पानी कई बीघे खेतों में भर गया। साथ ही मवैयाथान सिंह के माली बस्ती, प्राथमिक विद्यालय परिसर में भी पानी भर गया।
गांव के राधेश्याम माली, बड़कऊ दूबे, निराला पाठक के घर के बाहर पानी भर गया है। जिससे लोगों को घरों से बहार निकलने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।
स्कूल के प्रधानाध्यापक राकेश सिंह, शिक्षक मुकेश यादव और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अनिता सिंह ने बताया की तीन दिन से पानी आ रहा है, बृहस्पतिवार को पूरा परिसर ही भर गया। स्कूल के बच्चों को क्लास रूम में लाने और छुट्टी के बाद एक-एक बच्चे को सुरक्षित बाहर किया गया। गांव के अतुल सिंह ने टूटी नहर को बंधवाने की मांग की है। एई गुलाब मौर्या ने कहा कि बुधवार को राजवाहा का तटबंध टूट गया था। जिसे ठीक कराया जा रहा है।