कोइरौना के शिव सेवक पट्टी मोन में मंगलवार को किसानों की बैठक हुई। इसमें किसानों ने कोनिया क्षेत्र में गेहूं खरीद केंद्र खोले जाने की मांग की। किसान नेता लालू यादव ने चेतावनी दी कि एक सप्ताह के अंदर कोनिया क्षेत्र में गेहूं खरीद केंद्र नहीं खोले जाने पर जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन दिया जाएगा।
विपणन विभाग पर उपेक्षा का आरोप लगाते हुए किसानों ने कहा कि प्रति वर्ष कोनिया क्षेत्र की अनदेखी की जाती है। जिले का सबसे बड़ा क्षेत्र होने से किसान हजारों रुपये किराया खर्च कर गेहूं बेचने के लिए दूरदराज के केंद्रों तक जाते हैं, जबकि कोनिया क्षेत्र में एक हजार बीघा से अधिक क्षेत्र में गेहूं की बुआई की जाती है। यदि इस क्षेत्र में खरीद केंद्र खोल दिया जाए तो काफी हद तक किसानों की समस्याओं का समाधान हो सकता है। एक अप्रैल से 20 केंद्रों पर गेहूं खरीद शुरू कराने की तैयारी है। खरीद के लिए विपणन विभाग तैयारियों को अंतिम रूप दे रहा है। किसानों के अनुसार गोधना स्थित केंद्र की दूरी 30 किलोमीटर से ज्यादा है। ऐसे में इस गर्मी में किसानों को केंद्र तक गेहूं ले जाने में काफी दिक्कत हो सकती है। बैठक में दिनेश कुमार ने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने के लिए सरकार तमाम प्रयास कर रही है। उसी के तहत समर्थन मूल्य पर धान व गेहूं खरीदने की भी योजना बनायी जाती है। इसी योजना के अनुरूप हर वर्ष क्रय केंद्र खोले जाते हैं। इस वर्ष कोनिया क्षेत्र में गेहूं का क्रय केंद्र नहीं खोले जाने किसानों की चिंता बढ़ गई है। ऐसी स्थिति में खुले बाजार में औने-पौने दाम पर किसानों की अपनी उपज बेचनी पड़ सकती है। बैठक में सुरेश चंद्र, राज यादव, सेवालाल, गौरव, विवेक कुमार आदि मौजूद थे।