इस दौरान हाथापाई होने से खलबली मच गई। बताया जाता है कि उस समय मुख्य आरक्षी नशे में धुत था और उसका व्यवहार बेहद आक्रामक था। खबर मिलने पर थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रण में लिया। मामले की जानकारी उच्चाधिकारियों को दी गई।
पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक ने प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए तत्काल प्रभाव से मुख्य आरक्षी धीरज यादव को निलंबित कर दिया। एसपी ने कहा कि मुख्य आरक्षी का यह आचरण पुलिस नियमावली के विपरीत है। मामले में जांच के बाद उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। साथ ही युवती और उसके भाई के खिलाफ भी केस दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है। पुलिस महकमें की इस घटना वर्दी की गरिमा पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
कालीन नगरी में पहले भी वर्दी पर लग चुका है दाग
यूपी 112 के आरक्षी धीरज यादव ने पहली बार वर्दी को दागदार नहीं किया है। इसके पूर्व भी घटनाएं हो चुकी है। किसी ने फरियादी युवती को न्याय दिलाने के लिए एक रात सोने की गुजारिश किया तो किसी ने युवती को अश्लील वीडियो भेजा। साल 2020 में भदोही के एक चौकी इंचार्ज संतोष राय के पास फरियाद लेकर युवती को दरोगा ने एक रात सोने की पेशकश कर दी।
तत्कालीन एसपी राम बदन सिंह ने दरोगा को निलंबित कर दिया था। साल 2023 में भदोही कोतवाली में तैनात हेड कांस्टेबल श्याम सुंदर यादव का अश्लील वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इसमें वह वर्दी में एक महिला से अश्लील हरकत कर रहा था। जिसके बाद तत्कालीन एसपी मीनाक्षी कात्यायन ने निलंबित कर दिया था।