ज्ञानपुर। दुष्कर्म और भाजपा विधायक रवींद्रनाथ त्रिपाठी से जुड़े हाई प्रोफाइल प्रकरण का आखिरकार पखवारेभर के अंदर पटाक्षेप हो गया। भतीजे संदीप की गिरफ्तारी और पांच लोगों को पुलिस की क्लीनचिट ने विधायक के कुनबे को काफी राहत दिलाई। हालांकि हर जुबां पर एक ही चर्चा है कि काश हर मामले की पुलिस ऐसेे ही जांच करती।
10 फरवरी 2020 के दिन जिले में उस समय भूचाल आ गया था, जब वाराणसी की एक महिला ने भाजपा विधायक रविंद्रनाथ त्रिपाठी उनके भतीजे संदीप त्रिपाठी, बेटे प्रकाश, नीतेश समेत सात के खिलाफ बलात्कार का आरोप लगाया। मामला सत्ता के विधायक से जुड़ा होने पर एसपी रामबदन सिंह ने एएसपी को जांच सौंप दी। एक सप्ताह के अंदर जांच पूरी होने पर विधायक समेत सभी के खिलाफ भदोही कोतवाली में गत बुधवार को दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज हो गया। केस दर्ज हुए अभी दो दिन ही नहीं बीते थे कि शनिवार की सुबह प्रकरण के मुख्य आरोपी संदीप त्रिपाठी को क्राइम ब्रांच और पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। मामले में विधायक समेत पांच को क्लीन चिट मिलने के साथ ही हाईप्रोफाइल ड्रामे का अंत हो गया, हालांकि एक पखवारे तक जिले का सियासी पारा चढ़ा रहा।