औराई। हाड़ कंपा देने वाली ठंड में जहां सार्वजनिक स्थलों पर अलाव नहीं जल पा रहे हैं, वहीं क्षेत्र के अधिसंख्य गांवों में गरीब, असहाय परिवार तहसील प्रशासन की अदूरदर्शी नीति के चलते कंबल से वंचित हैं। कंबल वितरण की जिम्मेदारी निभा रहे लेखपालों पर बिरादरीवाद का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से जांच कराने की मांग की। उनका कहना है कि कंबल वितरण में धांधली की जा रही है।
औराई तहसील में लोगों को ठंड से बचाने के लिए ढाई हजार कंबल वितरित कराने का लक्ष्य मिला है, लेकिन तहसील प्रशासन ने इसकी जिम्मेदारी लेखपालों को दी है, जो मनमानी कर सिर्फ अपने चहेतों तक सीमित होकर रह गए हैं। तहसील क्षेत्र से दर्जनों गांवों के प्रधान भी इस बात को लेकर हतप्रभ हैं कि आखिरकार जब ढाई हजार कंबल आए तो गए कहां। यही स्थिति अलाव जलवाने के साथ हुई। शनिवार को माधोसिंह रेलवे स्टेशन, औराई चौराहा, बाबूसराय बाजार, महारागंज बाजार, घोसिया तिराहा आदि प्रमुख स्थल अलावविहीन बने हुए दिखे। एसडीएम चंद्रशेखर राम का कहना रहा कि मामला संज्ञान में आया है। जांच कराकर लापरवाही बरत रहे लेखपालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।