ज्ञानपुर। प्री-मानसून की बारिश शुरू हो चुकी है। जल्द ही तेज मानसूनी बारिश भी शुरू हो जाएगी भदोही जिले में 15 हजार प्रधानमंत्री आवास अधूरे होने से बारिश में गरीबों की मुश्किलें बढ़ेंगी। पक्के घर का सपना देखने वाले परिवारों को आषाढ़-सावन की रातें टूटे-फूटे छप्परों में टपकती पानी की बूंदों के बीच गुजारनी पड़ेगी। सीएम और डीएम की सख्त हिदायत के बाद भी गांवों में करीब एक हजार और नगरीय क्षेत्रों में 14 हजार आवास अब भी अपूर्ण हैं।
केंद्र सरकार की ओर से गरीबों को छत मुहैया कराने के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना की शुरुआत की गई। इसके तहत वित्तीय वर्ष 2016-17 में 5981, 2017-18 में 4560 और 2018-19 में करीब 2248 आवासों का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। तीन वित्तीय वर्ष में करीब 11 हजार 500 आवासों में लगभग 10400 आवास पूर्ण हो गए, लेकिन 1100 आवास अब भी अधूरे हैं। प्रशासनिक आंकड़ों में करीब 150 आवास पहले सत्र में और 150 आवास दूसरे सत्र में अधूरे रह गए। इसी तरह 2018-19 में भी 100 से अधिक आवास पूरे नहीं हो सके, जबकि हकीकत इससे कहीं जुदा है। प्रधान और सेक्रेटरी की ठेकेदारी के साथ बैंकों की उदासीनता भी लाभार्थियों के आवास को पूर्ण नहीं करा सकी। नगरीय इलाकों में स्थिति इससे भी खराब है। तीन वर्ष में जिले के ज्ञानपुर, भदोही, गोपीगंज, सुरियावां, नई बाजार, घोसिया और खमरिया में आवास के 15400 लाभार्थी चयनित किए गए, लेकिन 10 फीसदी आवास अब तक पूर्ण नहीं हो पाए। विभागीय आंकड़ों पर गौर किया जाए तो 15 हजार 400 आवासों में से 650 आवास ही पूर्ण हो पाए हैं। तीन हजार आवास कुछ दिन में पूरे होने का अनुमान है। छह हजार का निर्माण करीब 20 फीसदी हो चुका है। पांच हजार के खाते में पैसा भेजने के बाद निर्माण शुरू हो चुका है। ऐसे में छप्पर या कच्चे घरों को तोड़ कर प्रधानमंत्री आवास बना रहे लाभार्थियों को बारिश की रात गुजार पाना मुश्किल हो जाएगा। या तो तिरपाल के सहारे जिंदगी कटेगी या पड़ोसियों के यहां शरण लेनी पड़ेगी।
नगरीय इलाकों में विवाद के चलते ज्यादातर आवासों को समय पर पूर्ण होने में दिक्कत हुई। विभाग की ओर से समय पर किस्त भेजी गई। निर्माण में तेजी लाने के लिए दबाव दिया जा रहा है।
शैलेंद्र भूषण, परियोजना अधिकारी डूडा
तीन वर्ष में स्वीकृत ग्रामीण पीएम आवास
वर्ष -स्वीकृत आवास- अपूर्ण
2016-17 - 5981 -110
2017-18 -4560 -250
2018-19- 2248 -755
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तीन वर्ष में स्वीकृत नगरीय पीएम आवास
वर्ष स्वीकृत अपूर्ण
2016-17 -7081 -6225
2017-18 -4860 -4500
2018-19 -3648 -3500
इन गांवों में ज्यादातर आवास अधूरे
ज्ञानपुर। प्रधानमंत्री आवास निर्माण की सबसे खराब हालत डीघ और औराई विकास खंडों में है। दोनों ब्लॉकों में बड़ी संख्या में आवास अपूर्ण हैं, जबकि कागजों में पूर्ण दिखा दिया गया है। डीघ क्षेत्र के दरवांसी, रामकिशुनपुर बसहीं, गोधना, नवधन, कलापुर, जंगलपुर, मैलोना, औराई ब्लॉक में सरई मिश्रानी, औराई, महराजगंज, सहसेपुर, कठारी, सुरियावां ब्लॉक के जमुनीपुर अठगवां, कैड़ा समेत अन्य गांव शामिल हैं, जहां बड़ी संख्या में आवास अधूरे हैं।