ज्ञानपुर में बंद बैंक आफ बड़ौदा का एटीएम।
नोटबंदी के दौर में रविवार को एटीएम के शटर गिरने से कैश के लिए लोग परेशान दिखे। इक्का-दुक्का खुले एटीएम पर कैश पल पर भर में खत्म होने से लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। एटीएम से कैश न मिलने से लोगों को बैरंग लौटना पड़ा।
आठ नवंबर को पांच सौ और एक हजार की नोट बंद होने के बाद से कैश की दिक्कत कम होने का नाम नहीं ले रही है। चालू दिनों में बैंको पर लंबी-लंबी कतार अब भी लग रही है। घंटो लाइन में लगने के बाद भी लोगों को जरूरत के हिसाब से पैसा नहीं मिल रहा है। रविवार को बैंक बंद होने से लोगों को एटीएम पर पैसा मिलने का भरोसा था लेकिन 25 दिन गुजरने के बाद भी जिले के 90 फीसदी एटीएम की तकनीकी दिक्कतों को दूर नहीं किया जा सका। इससे लोगों को कैैश के लिए परेशान होना पड़ा।
ज्ञानपुर के एसबीआई, भदोही के आईसीआईसीआई के एटीएम में पैसा था लेकिन एक घंटे में वह खत्म हो गया। इसके अलावा जिले में करीब 125 अन्य एटीएम के शटर गिरे रहे। अग्रणी जिला प्रबंधक अमिताभ सेन ने कहा कि नए नोट के हिसाब से एटीएम को नहीं सुधारा गया है जिससे वह चालू नहीं हो पा रहे हैं। वहीं दूसरी ओर कांग्रेसी नेता अनुपम आनंद उपाध्याय ने सरकार के इस निर्णय को बचकाना बताया। कहा कि 25 दिन गुजरने के बाद भी सरकार की ओर से कोई ठोस निर्णय नहीं लिया जा रहा है। किसान, मजदूर सभी परेशान है। सरकार के इस फैसले से धनकुबेरों पर कोई फर्क नहीं पड़ा है।