ज्ञानपुर। कोरोना वायरस के संक्रमण को देखते हुए लाकडाउन होते ही जिलापूर्ति विभाग ने भी सक्रियता दिखाई है। अप्रैल माह में 38264 अंत्योदय कार्डधारकों को नि:शुल्क खाद्यान्न दिया जाएगा। साथ ही मनरेगा के तहत श्रम विभाग में पंजीकृत श्रमिक, नगरीय क्षेत्र के दिहाड़ी मजदूरों को भी राशन उपलब्ध कराने के लिए उनकी खोज शुरू कर दी गई है।
कोरोना वायरस की भयावहता के कारण जनता कर्फ्यू और तीन दिनों के लिए लगे लाकडाउन में सबसे अधिक परेशानी गरीबों और मजदूरों को ही उठानी पड़ रही है। क्योंकि रोज कमाने और खाने का जुगाड़ भी लाकडाउन हो चुका है, जिससे मजदूरों को दो वक्त की रोटी के भी लाले पड़ते दिखाई दे रहे हैं। ऊपर से सीमाओं के सील हो जाने से बाहरी सामान का आवागमन न हो पाने से दुकानदारों ने जीविकोपार्जन से जुड़े सामान के दाम बढ़ा दिया है। जिलापूर्ति अधिकारी अमित कुमार तिवारी ने बताया कि शासन स्तर से गाइडलाइन मिलते ही विभाग ने यह निर्णय लिया है। अंत्योदय कार्डधारकों को नि:शुल्क राशन उपलब्ध कराने के लिए जनपद में संचालित 744 दुकानों पर नोडल अधिकारियों की तैनाती रहेगी। मनरेगा और दिहाड़ी मजदूरों को चिह्नित करने के लिए टीम भी गठित कर ली गई है।
एक ओर शासन-प्रशासन स्तर कोरोना वायरस से लड़ी जा रही जंग में प्रयुक्त होने वाले पेट्रो पदार्थों के खर्च को देखते हुए जिले में चल रहे 55 से अधिक पेट्रोल पंप संचालकों को सख्त निर्देश जारी कर दो-दो हजार लीटर पेट्रोल-डीजल को सुरक्षित रखने का आदेश दिया गया है। जिलापूर्ति अधिकारी अमित कुमार तिवारी ने कहा कि सुरक्षित रहने वाला पेट्रोल-डीजल पुलिस, एंबुलेंस, सेना वाहन, फायर ब्रिगेड वाहनों के जरूरत पड़ने पर उपलब्ध होंगे। बुधवार से विभागीय टीम पेट्रोल पंपों पर पहुंचकर जांच-पड़ताल भी करेगी। हालांकि लाकडाउन में पेट्रोल पंप संचालित होते रहेंगे।
अब्दुल वहीद-पंकज चौबे