ज्ञानपुर। राष्ट्रीय कृमि मुक्ति अभियान के तहत सोमवार को जिले में आठ लाख 98 हजार 700 बच्चे, किशोर, किशोरियों को अल्बेंडजॉल की दवा खिलाई जाएगी। जोरई स्थित प्राथमिक विद्यालय से अभियान का शुभारंभ जिलाधिकारी शैलष कुमार करेंगे। करीब 1430 टीमें एक से 19 साल तक के किशोर, किशोरियों और बच्चों को अल्बेंडजॉल की दवा अपने सामने खिलाएंगी।
सरकारी स्कूल, मदरसा, आगनबाड़ी केंद्र, इंटर कॉलेज में दवा खिलाई जाएगी। स्वास्थ्य विभाग की तरफ से सारी तैयारी पूरी हो चुकी है। स्वास्थ्य केंद्रों पर दवा भेज दी गई है। जो बच्चे मंगलवार को दवा नहीं खा पाएंगे, उन्हें 14 अगस्त को दवा दी जाएगी। दवा का मुख्य काम पेट के कीड़े मारना है। साल में एक बार यह दवा खिलाई जाती है। अल्बेंडाजॉल की दवा खाने से पेट साफ हो जाता है। इसका साइड इफेक्ट नहीं होता है। इसे हर व्यक्ति को खाना चाहिए। दवा लिखाने के लिए करीब 1430 टीमें गठित की गईं हैं। इसमें आशा, आगनबाड़ी कार्यकर्ता, एएनएम बच्चों को दवा खिलाएंगी, सीएचसी अधीक्षक और ब्लाॅक अधिकारी इसकी माॅनीटरिंग भी करेंगे। टीमें स्कूल में जाकर बच्चों को अपने सामने दवा खिलाएगी। सीएमओ डॉ. एसके चक ने बताया कि टैबलेट किसी को देना नहीं है, बल्कि उसे अपने सामने खिलाना है। एक दिवसीय कृमि मुक्ति अभियान को सफल बनाने के लिए हर किसी की भागीदारी जरूरी है। कुल 8.98 लाख बच्चों को दवा खिलाने का लक्ष्य रखा गया है।