भदोही। पचभैया मोहल्ला स्थित मदरसा प्राइमरी इस्लाह में सोमवार को जश्ने दस्तारे फरागत (दीक्षांत) का आयोजन किया गया। इस मौके पर प्रबंध समिति के अध्यक्ष हाजी यूसुफ इमाम ने फारिग होने वाले सात हाफिजे कुरआन के सर पे इमामा शरीफ बांध कर उन्हेें मुबारकबाद दी। उन्होंने कहा कि इल्म के बगैर इंसान की जिंदगी अधूरी है।
अध्यक्ष कहा कि सफलता में तालिबे इल्म की अपनी मेहनत तो हीती है लेकिन शिक्षकों और मदरसे का भी नाम रौशन होता है। कहा कि खुशनसीब तो इनके मां बाप हैं जिनके बच्चे हाफिजे कुरआन हो गए हैं। आज उनके माता पिता का सर बुलंदी को छू रहा होगा। क्योंकि कुरआन शरीफ को हिफ्ज (कंठस्थ) कर लेने हर किसी के बस की बात नहीं और जो लोग ऐसा कर लेते हैं उन पर अल्लाह का खास करम होता है।
मदरसे के प्रबंधक हाजी इमाम बेग ने बताया कि मो.जसीम, मो.वसीम, मो.शहजाद, मंजर आलम, मो.कैसर, मो.दिलनवाज, मो.अबु तालिब ने कुरआन हिफ्ज पूरा किया जिन्हें उपाधि से नवाजा गया। दस्तार समारोह में हाफिज कुर्बान अली ने सभी हाफिजों की मेहनतों की सराहना कर मुबारकबाद दी। उन्हें फूल माला पहना कर दुआएं दी। प्रिंसिपल मौलाना फजले रसूल ने मेहमानों को शुक्रिया अदा किया। समारोह में हाजी इरशाद खां, हाजी गुलाम मुस्तफा सिद्दीकी, सैयद अब्दुल कादिर, मुशीर इक़बाल, वामिक बेग, आजम बेग, मौलाना एखलाकुर्रहमान मौजूद रहे।