ज्ञानपुर। चार सालों से आइसोलेट वेंटिलेटर अब एक बार फिर बंद कमरे से बाहर निकलेंगे। कोविड की आहट देख स्वास्थ्य विभाग तैयारियों में जुट गया है। भदोही के एल-2 अस्पताल में रखे गए 26 वेंटिलेटर में 22 को अलग-अलग अस्पतालों में भेजवाया जा रहा है। वहीं, चार वेंटिलेंटर को इमरजेंसी केस के लिए रिजर्व रखा गया है।
स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि सभी वेंटिलेटर सही हाल में हैं। देश में कोविड की दस्तक के बीच स्वास्थ्य महकमा अलर्ट हो गया है। आक्सीजन प्लांटों को जहां चेक किया जा रहा है, वहीं, अन्य उपकरणों की उपयोगिता को भी परखा जा रहा है।
कोविड काल के दौरान जिले के भदोही एमबीएस परिसर स्थित 100 बेड एमसीएच विंग को एल-2 अस्पताल बनाया गया था। जहां 26 वेंटिलेटर लगाए गए थे। कोविड खत्म होने के बाद विभाग ने उपकरणों को सहेज कर रख लिया।
अब एमसीएच विंग का संचालन हेरिटेज ग्रुप को सौंप दिया गया है। ऐसे में विभागीय स्तर से अन्य अस्पतालों पर सुविधाओं की तैयारियां शुरू हैं। 26 वेंटिलेटर में से चार को जहां इमरजेंसी के लिए रिजर्व रखा जाएगा। वहीं, अन्य को अलग-अलग अस्पतालों में भेजवाया जाएगा।
इसमें सबसे अधिक 10 बेड औराई सीएचसी, भदोही सीएचसी पर सात और डीघ पर पांच और जिला अस्पताल, एमबीएस भदोही में दो-दो बेड लगाए जाएंगे। औराई व भदोही सीएचसी पर वेंटिलेटर बेड लगा दिए गए हैं। अन्य जगहों पर तैयारी चल रही है।
अच्छी बात यह है कि जिले में अब तक कोविड के एक भी मरीज नहीं मिले हैं।