भदोही। डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी राजकीय महाविद्यालय में पांच दिवसीय रोवर्स-रेंजर्स प्रशिक्षण शिविर के दूसरे दिन शिविरार्थियों को प्राथमिक उपचार, सीटी के विभिन्न संकेतों, खोज के चिह्नों समेत कैंप फायर आदि के बारे में विस्तार पूर्वक बताया गया। रोवर्स-रेंजर्स को स्वयं अभ्यास करने का अवसर प्रदान किया गया जिसे उन्होंने बखूबी किया और अपने अनुभव साझा किए। जिला संगठन आयुक्त शेषधर दूबे ने प्राथमिक उपचार के महत्व को समझाते हुए कहा कि इसका अनुभव सबको होना चाहिए।
जिला संगठन आयुक्त न बताया कि प्राथमिक उपचार कब और कहां आवश्यकता पड़ सकती है कोई नहीं जानता। कहा कि यह सबलोग जानते हैं कि प्राथमिक उपचार सब जगह नहीं मिलता। इसलिए रोवर्स-रेंजर्स को प्राथमिक उपचार की भलिभांति जानकारी होने से कभी भी काम आ सकती है और किसी की जान बचाई जा सकती है। शिविरार्थियों ने दुर्घटना में घायल व्यक्ति को प्राथमिक उपचार देकर तथा उसे अस्पताल पहुंचा कर उसे जीवन प्रदान किया।
प्रशिक्षक चंद्रेश राय ने शिविर में कहीं खो जाने पर अपनो से मिलने, सीटी के संकेतों से भी परिचित कराया। इससे पूर्व शिविर को 7 टोलियों में बांट कर अलग अलग पशु पक्षियों के नाम दिए गए। शिविरार्थियों ने स्ट्रेचर और पूल भी बनाना सीखा। शिविर में रोवर्स प्रभारी डॉ. बृजेश सिंह, रेंजर्स प्रभारी डॉ. भावना सिंह के अलावा प्रशिक्षक ज्योति मौर्य ने भी सहयोग किया।