ज्ञानपुर (भदोही)। जिलाधिकारी विशाख जी की अध्यक्षता में शनिवार को स्वच्छ भारत मिशन ओडीएफ की बैठक विकास भवन सभागार में हुई। इसमें 128 ग्राम पंचायतों के ट्रिगर ने हिस्सा लिया। जिलाधिकारी ने कहा कि शौचालय निर्माण में किसी भी स्तर से उदासीनता न बरती जाए, अन्यथा कार्रवाई की जाएगी। बैठक में अनुपस्थित रहने पर छह गांवों के चार ग्राम पंचायत अधिकारियों का वेतन रोकने के साथ ही एडवर्स एंट्री दी। यही नहीं, एडीओ पंचायत ज्ञानपुर के खिलाफ प्रतिकूल टिप्पणी जारी की।
डीएम ने प्रधानों से कहा कि बेसलाइन सर्वे के अनुसार आपके खाते में धनराशि उपलब्ध कराई गई है। आप से अपेक्षा है कि 20 दिन के अंदर शौचालय निर्माण कार्य पूर्ण कराएं। कहा कि ग्राम प्रधान गांव का मुखिया होता है। इस महत्वपूर्ण कार्य में लगकर सबसे पहले अपने गांव को ओडीएफ बनाएं। अगर जिस गांव के ग्राम प्रधान, सेक्रेटरी सेंसटाइज हो तो वे लाभार्थी से संपर्क कर अच्छे शौचालय निर्माण करा सकते हैं। बताया कि शौचालय निर्माण की धनराशि सीधे लाभार्थी के खाते में तीन किस्तों में 5000, 5000 और 2000 कुल 12,000 की धनराशि मिलेगी। उन्होंने कहा कि शौचालय बन जाना उद्देश्य नहीं, बल्कि उसका सदुपयोग कराएं, जब तक समाज का व्यापक वर्ग जुडे़गा नहीं, तब तक सफलता नहीं मिलेगी। डीएम ने ग्राम पंचायत भरसड़ा, शिवरामपुर, रघुरामपुर, शिवनाथपट्टी, घरांव, मीनापुर के अनुपस्थिति होने पर वेतन काटने का निर्देश दिया। कार्य में लापरवाही बरतने पर एडीओ पंचायत ज्ञानपुर को प्रतिकूल टिप्पणी दी गई। जिन सेक्रेटरी पर कार्रवाई की गई है, उनमें बरसातू राम, इंदर राम, हर्षवर्धन और सुंदर लाल पांडेय शामिल हैं। डीएम ने फत्तूपुर, विशौली, सीकीचौरा, बिछिया, मरसड़ा, बालीपुर, कंचनपुर, उमरियां, बौरीबोझ, खरगापुर, खेदोपुर, समहीरजपुतानी, हरीपट्टी, लोहराखास, लोकमनपुर के ग्राम पंचायत अधिकारियों को हिदायत दी कि अधिक से अधिक राज मिस्त्रियों को लगाकर युद्धस्तर पर 22 अगस्त तक शौचालय का कार्य पूर्ण कराएं। इस मौके पर सीडीओ हरिशंकर सिंह समेत कई विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।