चौरी। वाराणसी- प्रतापगढ़ रेल रूट पर चौरी क्षेत्र के जमुआं गांव के समीप सोमवार की सुबह ट्रेन की चपेट में आने से एक बीएससी के छात्र की मौत हो गई। छात्र मोबाइल पर बात करते हुए रेलवे ट्रैक पर पैदल चल रहा था। बरदहां गांव निवासी छात्र की मौत की खबर मिलते ही परिवार वालों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया था।
सोमवार को सुबह बरदहां निवासी शिव कुमार कन्नौजिया का (20) वर्षीय बेटा गौरव ट्रेन पकड़ने के लिए घर से निकला। परसीपुर स्टेशन जल्द पहुंचने के चक्कर में वह जमुवा गांव से सीधे रेलवे ट्रैक पर आ गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक गौरव मोबाइल से बात करते हुए ट्रैक पर चल रहा था। इस बीच वाराणसी से लखनऊ जा रही इंटरसिटी ट्रेन की चपेट में आ गया। गौरव को पीछे से आने वाली ट्रेन का आभास नहीं हो पाया। टक्कर इतनी तेज थी कि उसका शव क्षत-विक्षत हो गया था। पुलिस ने शव के पास टूटे हालत में मोबाइल भी बरामद किया। मृतक गौरव, शिवकुमार के दो पुत्रों में बड़ा था और जंघई के एक कॉलेज से बीएससी कर रहा था। सोमवार को जंघई जाने के लिए स्टेशन पर ट्रेन पकड़ने निकला था। खबर मिलने पर थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार और चौकी प्रभारी वीआर जौहरी हमराहियों के साथ मौके पर पहुंच गए। घटनास्थल आउटर सिग्नल के अंदर होने के कारण रेलवे पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। वहीं दूसरी ओर सूचना पाकर मृतक के परिजन भी घटनास्थल पर पहुंच गए। पिता शिव कुमार बार-बार ट्रेन से अपनी जान देने की बात कर रहा था। जबकि माता मन्ना देवी बेटे का शव देख बेहोश हो गई थी।