ज्ञानपुर। जेठ की तपिश रिकॉर्ड तोड़ने लगी है। बृहस्पतिवार को जिले का अधिकतम तापमान 45 डिग्री पहुंच गया, जो इस सीजन का सर्वाधिक तापमान रहा। इससे सामान्य जनजीवन उबल गया। न्यूनतम तापमान भी एक डिग्री की बढ़ोतरी के साथ 29 डिग्री पर रहा। इस दौरान 18 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलीं गर्म हवाओं ने झुलसा दिया। बृहस्पतिवार इस सीजन का सबसे गर्म दिन रहा।
गर्मी का प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रहा है। सुबह से लेकर सूर्यास्त के बाद तक लगातार गर्म हवाएं और आसमान से बरसते धूप के शोलों से सामान्य जनजीवन बेपटरी हो गया है। बृहस्पतिवार को सूर्यदेव की तल्खी और बढ़ गई। सुबह सात बजे ही असहनीय धूप और उमस के कारण लोग बेहाल हो गए। पूरे दिन आसमान से आग बरसती रही। इस दौरान तेज लू के चलते लोग घरों में दुबके रहे। 10 बजे के बाद ही सड़कों पर सन्नाटा छा गया। उमस के आगे पंखे और कूलर नाकाफी साबित हो रहे हैं। इस बीच नहरों और जलाशयों में पानी खत्म हो जाने के कारण मुश्किलें और बढ़ गईं हैं। पशु-पक्षी भी हलक तर करने के लिए व्याकुल होकर बस्तियों की ओर रुख करने लगे हैं। बृहस्पतिवार को हालात काफी कठिन रहे। तकरीबन महीने भर से 42 से 44 डिग्री तक रह रहे पारे में एक डिग्री की और बढ़ोतरी हो गई। इससे लोग बेचैन हो उठे। भीषण गर्मी का असर लोगों की सेहत पर पड़ने लगा है। हीट स्ट्रोक और पेट की बीमारियों के मरीज बढ़ रहे हैं। चिकित्सकों ने ऐसे मौसम में खास सतर्कता बरतने की सलाह दी है। वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. अनिल श्रीवास्तव ने कहा कि तेज धूप में घर से बाहर न निकलें। ताजे पानी का प्रयोग करें। बासी भोजन कदापि न ग्रहण करें।