ज्ञानपुर (भदोही)।
भदोही विद्युत उपकेंद्र से जुड़े लक्ष्मणपट्टी फीडर से संबद्ध तकरीबन 40 गांवों में बिजली आपूर्ति पूरी तरह चरमरा गई है। न तो बिजली के आने का समय निर्धारित है ना ही जाने का। गांवों में 18 घंटे बिजली आपूर्ति के आदेश के बावजूद मनमाने ढंग से हो रही कटौती से ग्रामीण त्रस्त हो गए हैं। उनका कहना है कि ऐसे समय में बिजली आपूर्ति की जाती है, जिसका कोई मतलब नहीं रह गया है। बमुश्किल सात से आठ घंटे बिजली मिल रही है, वह भी किस्तों में। यह स्थिति एक महीने से भी अधिक समय से ग्रामीणों के लिए मुश्किलों का सबब बनी है।
भदोही विद्युत उपकेंद्र से संबद्ध लक्ष्मणपट्टी फीडर से बैराखास, अनुआ, घरौना, मर्चवार, खेम्हईपुर, असनाव, झेंगुरपुर, मल्लूपुर, घरांव, पनईपुर, बलभद्रपुर आदि समेत लगभग 40 गांव जुड़े हैं। पिछले तकरीबन एक महीने से इन गांवों में बिजली आपूर्ति की बुरी गत हो रही है। रात में 12 बजे बिजली आपूर्ति होती है, जो भोर में ही कट जाती है। इसके बाद सुबह से लेकर शाम तक धुआंधार कटौती होती है। ग्रामीणों का कहना है कि बिजली आपूर्ति का निर्धारित समय नहीं होने के कारण ग्रामीणों को तमाम तरह की मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्र के अभिनव उपाध्याय, राजन आदि ने कहा कि बिजली विभाग की लापरवाही के चलते किसानों को झेलना पड़ रहा है। आलू की बुवाई के साथ-साथ हरी सब्जी की खेती का काम भी प्रभावित हो चला है। पर्याप्त बिजली न रहने से मुश्किलें बढ़ गईं हैं। जहां-तहां लो वोल्टेज की समस्या भी मुश्किलों का सबब बनी है।
बिजली आपूर्ति सुधारें नहीं तो आंदोलन
ज्ञानपुर। कांग्रेस नेता अनुपम आनंद उपाध्याय की अध्यक्षता में शनिवार को बैराखास में हुई बैठक में लक्ष्मणपट्टी फीडर से लचर बिजली आपूर्ति की समस्या पर चिंता जताई गई। वक्ताओं ने कहा कि सूबे में भाजपा सरकार बनने के बाद गांवों में 18 घंटे बिजली आपूर्ति का दावा किया गया था, लेकिन ऐसा कुछ नहीं दिख रहा। कब तक भोलेभाले किसानों को बेवकूफ बनाया जाता रहेगा। कहा कि अगर बिजली आपूर्ति न सुधरी तो आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर अनिल मिश्रा, रजत, रवींद्र नाथ, आशुतोष उपाध्याय, विकास, अमन, इंद्रजीत शुक्ला, सुदामा मौर्या, शिवकोमल, गुलजारी लाल आदि मौजूद रहे।