फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नईबाजार स्वास्थ्य केंद्र का औचक निरीक्षण

विज्ञापन
विज्ञापन
नईबाजार। जनपद की मुख्य चिकित्साधिकारी डा.लक्ष्मी सिंह ने मंगलवार को नगर स्थित नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का रुख किया। इस दौरान उन्होंने पाया कि 10.45 बजे तक वहां कोई स्टाफ नहीं पहुंचा था। वे लगभग एक घंटे तक वहां रहीं। 11 बजे तक कुछ कर्मी तो पहुंचे लेकिन कोई चिकित्सक नहीं पहुंच सका था। नाराज सीएमओ ने वहां तैनात चिकित्सक समेत सभी कर्मचारियों का एक दिन का वेतन रोकने के निर्देश देते हुए कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
विज्ञापन

सीएमओ की इस पद पर तैनाती तीन सप्ताह भी नहीं हुए हैं। चार्ज लेते ही उन्होंने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों की दशा की सुधि लेना शुरू कर दी है। सोमवार को सीएचसी भदोही का औचक निरीक्षण के बाद मंगलवार को वे नईबाजार पहुंची तो वहां का हाल देख कर दंग रह गईं। उन्होंने कहा कि मैं सोच भी नहीं सकती है कि इतनी लापरवाही होगी। उन्होंने बताया कि वे लगभग 10.30 स्वास्थ केंद्र पहुंची तो ताला लटक रहा था। इसके बाद एलटी पद पर तैनात संविदा कर्मी संजय पाल और फिर कुछ देर बाद नर्स सुमन सिंह पहुंची।तब तक सीएमओ ने उपस्थिति पंजिका अपने कब्जे में ले ली थी। और लगभग एक घंटे वहां मौजूदगी के बाद भी चिकित्सक नहीं पहुंचे थे। इस पर वहां तैनात सभी लोगों का एक दिन का वेतन रोकने का निर्देश दिया। सभी को कारण बताओ नोटिस जारी किया। यह भी कहा गया कि यदि तीन दिन तक केंद्र की स्वास्थ्य सेवाएं पटरी पर नहीं आई तो सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस दौरान वहां मिले कुछ मरीजों ने सीएमओ से बताया कि यह हाल वहां रोज का रहता है। वरिष्ठ से लेकर कनिष्ठ तक सबकी अपनी मर्जी चलती है। मरीज चाहे घंटों फटफटाएं लेकिन वे अपने समय से ही आते हैं। रोगियों को सीएमओ ने विश्वास दिलाया कि तीन दिन के अंदर व्यवस्था सुधार होगा। निरीक्षण में एसीएमओ डा.राजीव यादव भी उपस्थित रहे।
विज्ञापन


ओपीडी गंभीरता से करें चिकित्सक
भदोही। मुख्य चिकित्साधिकारी ने कहा है कि भदोही के एमबीएस अस्पताल और ज्ञानपुर के जिला अस्पताल में चिकित्सकों को सुबह 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक, समुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर सुबह 10 बजे से 4 बजे तक, अन्य प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर सुबह 9 बजे से सायं 5 बजे तक हर हाल में चिकित्सकों को ओपीडी में बैठना है। इसके अलावा 24 घंटे इमरजेंसी सेवाएं रहेंगी वह अलग। यदि कोई चिकित्सक बगैर मूवमेंट रजिस्टर में दर्ज किए अनुपस्थित रहता है तो सख्त कार्रवाई होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें