ज्ञानपुर। कालीन नगरी का मौसम मंगलवार को बदला। चार दिनों की बदली के बाद मौसम खुला, लेकिन गलन ने मुश्किलें बढ़ा दी। इससे लोगों की कंपकंपी छूट गई। मंगलवार को जिले का अधिकतम तापमान 21 और न्यूनतम 7 डिग्री दर्ज किया गया।
धूप खिलने के बावजूद गलन ने मुश्किलें बढ़ा दी। इससे लोगों को भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। मंगलवार को सुबह हुई तो हल्की हवाएं सिहरन बढ़ा रहीं थी, लेकिन जैसे-जैसे दिन चढ़ता गया, हवाओं की रफ्तार बढ़ती गई। लिहाजा मौसम खुलने के बाद भी धूप बेअसर साबित हुई। लोग गुनगुनी धूप का आनंद लेने के लिए छत पर गए, लेकिन राहत नहीं मिली। इससे तमाम लोग रजाई में ही दुबके रहे। सुबह शाम अलाव लोगों का सहारा बना रहा। कई स्थानों पर बाइक सवार गाड़ी खड़ी कर अलाव सेंकते नजर आए। ठंड के चलते लोगों की मुश्किलें बढ़ीं रहीं। गलन के कारण लोग दिन में भी ठंड की चुभन महसूस कर रहे थे। ठंड का असर यातायात पर भी पड़ा। कोहरा कम था, लेकिन ठंड के कारण शाम छह बजे के बाद ही सड़कों पर यातायात का दबाव कम होने लगा और आठ बजे से ही पहले ही सन्नाटा सा छा गया। मौसम के इस रुख को जानकार खेती के लिए फायदेमंद मान रहे हैं। केवीके बेजवां के कृषि वैज्ञानिक डॉ. एके चतुर्वेदी ने कहा कि ठंड बढ़ेगी तो गेहूं की फसल के लिए फायदा रहेगा। अन्य फसलों के लिए भी ठंड फायदेमंद रहेगी।