स्वतंत्रता दिवस के लिए तिरंगा झंडा तैयार करती समूह की महिलाएं स्रोत विभाग
बस्ती। स्वतंत्रता दिवस पर हर घर तिरंगा अभियान के लिए जिले में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) से जुड़ी स्वयं सहायता समूह की महिलाएं 2.80 लाख तिरंगे तैयार कर रही हैं।
61 समूहों की 384 महिलाओं को झंडे बनाने का काम मिला है। तैयार झंडों को ग्राम पंचायतें खरीदेंगी। झंडों की पहली खेप में करीब डेढ़ लाख तिरंगे 10 अगस्त तक जिला प्रशासन को सौंपे जाने हैं। शासन की ओर से झंडों के लिए तीन निर्धारित आकार तय किए गए हैं।
इन्हें बनाने में सूती या पॉलिस्टर कपड़े का इस्तेमाल किया जा रहा है। आकार के अनुसार प्रति झंडा 20 से 50 रुपये तक मेहनताना मिलेगा।
जिले के 14 ब्लॉकों में स्वयं सहायता समूहों को झंडे तैयार करने की जिम्मेदारी दी गई है। ग्राम पंचायतों के माध्यम से इनकी खरीद की जाएगी। मुख्य सचिव का पत्र आने के बाद प्रशासन हर घर तिरंगा अभियान को सफल बनाने की तैयारियों में जुटा है। स्वतंत्रता दिवस को उत्सव के रूप में मनाने के लिए विभिन्न कार्यक्रम भी प्रस्तावित हैं।
ग्राम पंचायत स्तर के अधिकारियों और स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं के अनुसार 61 समूहों को तिरंगा बनाने का काम मिला है। एनआरएलएम के तहत जिले में करीब 16,500 स्वयं सहायता समूह गठित हैं, जिनसे सवा लाख से अधिक महिलाएं जुड़ी हैं।
डीसी एनआरएलएम आशादेवी ने बताया कि स्वयं सहायता समूहों को तिरंगा निर्माण की जिम्मेदारी दी गई है। सभी विभागों को समूहों से तैयार झंडे खरीदने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों को समूहों के संपर्क नंबर उपलब्ध कराए गए हैं, ताकि निर्धारित लक्ष्य के अनुसार झंडों की खरीद की जा सके।