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छह स्टेटिक मजिस्ट्रेट निलंबित, विभागीय कार्रवाई की संस्तुति

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श्रीकृष्ण पांडेय इंटर कालेज में बोर्ड परीक्षा का निरीक्षण करते डीएम आशुतोष निरंजन। - फोटो : BASTI
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छह स्टेटिक मजिस्ट्रेट निलंबित, विभागीय कार्रवाई की संस्तुति
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यूपी बोर्ड : डीएम ने खुद संभाली परीक्षा की कमान, परीक्षा केंद्रों पर नहीं मिले थे ये मजिस्ट्रेट
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। बेहतर ढंग से परीक्षा कराने के दावों के बीच 24 फरवरी को पेपर का गलत पैकेट खुलने, 26 और 27 को इंटरमीडिएट अंग्रेजी व सामाजिक विज्ञान का पेपर सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इसे देखते हुए डीएम आशुतोष निरंजन ने खुद ही यूपी बोर्ड परीक्षा की कमान खुद संभाल ली है। शुक्रवार को डीएम ने कई केंद्रों का निरीक्षण किया। केंद्र पर न मिलने पर छह स्टेटिक मजिस्ट्रेटों को निलंबित करते हुए उनके विभागीय कार्रवाई की संस्तुति की है।
सूत्रों के अनुसार, पेपर वायरल प्रकरण को लेकर डीएम खासे नाराज हैं। लगातार बिगड़ती स्थिति को देखते हुए डीएम ने शुक्रवार को परीक्षा की कमान खुद संभाल ली। सुबह वे सबसे पहले श्रीकृष्ण पांडेय इंटर कालेज में पहुुंचे। यहां मौके पर स्ट्रेटिक मजिस्ट्रेट जेई पीडब्ल्यूडी सुरेश कुमार गुप्ता नहीं मिले। इसके बाद वे श्रीकृष्णा कुमारी पांडेय इंटर कालेज और फिर आरपी आदर्श इंटर कालेज रेहरवा का निरीक्षण किया। इस दौरान उनके साथ एसडीएम सदर श्रीप्रकाश शुक्ल तथा डीआईओएस डॉ. बृजभूषण मौर्या मौजूद रहे।
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हर्रैया प्रतिनिधि के अनुसार ज्वाइंट मजिस्ट्रेट प्रेम प्रकाश मीणा तेनुआ के भारत कृषि विद्यालय पहुंचे। यहां स्टेटिक मजिस्ट्रेट प्रभारी बीएसए सिंचाई सीडी राम नहीं मिले। राम कुमार विक्रम सिंह इंटर कॉलेज में स्ट्रेटिक मजिस्ट्रेट गन्ना पर्यवेक्षक मदन सिंह, मां जनक किशोरी बालिका इंटर कॉलेज मल्लूपुर में परियोजना निदेशक डूडा अगस्त मुनि, गोस्वामी तुलसीदास मझौआ कला में जेई बाढ़ खंड पीएन गुप्त, रामसुरेश चौधरी इंटर कालेज करही में अवर अभियंता बाढ़ खंड प्रदीप कुमार पांडेय नहीं मिले। डीएम ने बताया कि सभी को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही कार्रवाई के लिए भी पत्र लिखा गया है।
ड्यूटी न करने वाले शिक्षक होंगे सस्पेंड
बोर्ड परीक्षा में ड्यूटी लगाये जाने के बाद भी केंद्र पर न पहुंचने वाले परिषदीय विद्यालयों के शिक्षकों पर भी डीएम ने नाराजगी जाहिर की। इनके खिलाफ जांच की संस्तुति देते हुए डीएम ने निलंबन की कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उल्लेखनीय है कि परीक्षा में परिषदीय विद्यालयों के 810 शिक्षकों की ड्यूटी लगाई गई थी, जिसमें से 90 प्रतिशत शिक्षक केंद्र पर ड्यूटी करने नहीं पहुंचे है।
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नकल माफिया पर लगेगी रासुका, वायरल पेपर की जांच एसआईटी को
प्रश्नपत्र व कॉपी वायरल होने के मामले को डीएम ने गंभीरता से लेते हुए नकल माफिया पर रासुका व गैंगस्टर लगाये जाने का फरमान जारी किया है। सोशल मीडिया पर वायरल इस मामले की जांच डीएम आशुतोष निरंजन ने एसआईटी को सौंपी है।
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