सड़क के बीच में पार्क की गईं गाड़ियां।
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बस्ती। सुचारु यातायात के लिए प्रशासन वर्ष भर से कवायद कर रहा है, मगर यह कवायद कागजी साबित हो रहा है। वास्तविकता यह है कि आए दिन मुख्य सड़कों पर यातायात जाम होने से लोगों की परेशानी बढ़ती जा रही है।
शहर में रोडवेज चौराहे से शास्त्री चौक तक की सड़क करीब पचास फीट चौड़ी है। इस सड़क के बीचोबीच डिवाइडर बनवाया गया है। इसके अलावा कागज पर सड़क के बीच में ही खाली स्थानों पर पार्किंग की व्यवस्था भी पालिका ने कर दी है। यह पार्किंग की व्यवस्था ही शहरियों के लिए परेशानी का कारण बनती जा रही है, क्योंकि पार्किंग स्थल की नाम पर जगह-जगह दो से लेकर चार पहिया वाहन तक खड़े किए जा रहे हैं। इससे पचास फीट की यह सड़क मात्र बीस फीट में सिमट जाती है। इसके अलावा सड़क की पटरियों पर ठेला, खोमचा भी लगा लिए जाते हैं। इससे पैदल चलने वालों को भी परेशानी का सामना करना पड़ता है। पटरियों पर अतिक्रमण व सड़कों पर जगह-जगह वाहन खड़े होने से आए दिन यातायात जाम की समस्या पैदा हो रही है। तेज धूप हो अथवा बरसात सड़क पर जाम की समस्या अक्सर पैदा होती है। लोगों को जाम की समस्या से निजात दिलाने के लिए प्रशासन ने पिछले दिनों कवायद शुरू की। पालिका ने भी इसमें सहयोग किया, मगर सारी कवायद कागजों तक ही सिमट कर रह गई। न तो वाहनों की पार्किंग के लिए कोई नई व्यवस्था बनाई जा सकी और न जाम से बचने के इंतजाम हो सके। गांधी नगर से लेकर कंपनी बाग तक तो स्थिति यह हो जाती है कि अक्सर यहां गाड़ियों के पार्किंग के चलते एक सड़क से दूसरी तरफ जाने में लोग दुर्घटनाओं के शिकार हो जाते हैं।
नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी डॉ. मणिभूषण त्रिपाठी ने कहा कि पार्किंग के लिए व्यवस्था की जा रही है। चुनाव के चलते योजना का क्रियान्वयन नहीं हो सका है। चुनाव बाद रणनीति बनाकर इस समस्या को दूर किया जाएगा।