बस्ती। कांवड़ मेले के चलते बस्ती-अयोध्या हाईवे पर अभी दो दिन और वाहनों का आवागमन बंद रहेगा। 11 अगस्त की शाम से हाईवे पर यातायात बहाल करने की तैयारी है। हाईवे बंद होने से लोकल के साथ लखनऊ, कानपुर और दिल्ली की ओर जाने वाले यात्रियों को भी परेशानी हो रही है।
वाहनों को वैकल्पिक मार्गों से गुजारे जाने के कारण इन रास्तों पर दबाव बढ़ गया है और कई जगह जाम की स्थिति बनी हुई है। बिहार और गोरखपुर से लखनऊ की ओर जाने वाले छोटे-बड़े वाहनों को रामजानकी मार्ग से कलवारी, टांडा होते हुए पूर्वांचल एक्सप्रेसवे की ओर भेजा जा रहा है। रविवार को इस मार्ग पर भारी वाहनों की लंबी कतार लगी रही। कुदरहा, गायघाट और कलवारी कस्बे में जाम की स्थिति बनी रही।
सिवान से ट्रक लेकर झांसी जा रहे चालक परवेज ने बताया कि उन्हें खलीलाबाद से ही रामजानकी मार्ग की ओर मोड़ दिया गया। बाजार और कस्बों में वाहनों का दबाव अधिक होने के कारण जाम का सामना करना पड़ रहा है। करीब 30 किलोमीटर की दूरी तय करने में तीन घंटे से अधिक समय लग रहा है।
जनपद सीमा के टेमा चौराहे पर गोरखपुर की ओर से आने वाले वाहनों को मुंडेरवा की तरफ मोड़ा जा रहा है। ये वाहन लालगंज होते हुए रामजानकी मार्ग पर पहुंच रहे हैं। इससे मुंडेरवा, महादेवा, लालगंज और कुदरहा में भी वाहनों का दबाव बढ़ गया है। स्थानीय लोगों को बाजार और कस्बों में आने-जाने में परेशानी हो रही है। मुंडेरवा निवासी प्रहलाद ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान पिछले कई वर्षों से कस्बे में छोटे-बड़े वाहनों की भीड़ बढ़ जाती है। बाहर से आने वाले वाहन चालक जगह-जगह रुककर रास्ता पूछते हैं। इससे स्थानीय आवागमन प्रभावित होता है। बाइक और कार से निकलने में भी सावधानी बरतनी पड़ रही है।