बस्ती। अस्पतालों में इन दिनों टॉन्सिलाइटिस के मरीजों की संख्या बढ़ गई है। आठ से 10 मरीज रोजाना ओपीडी में पहुंच रहे हैं। इनमें ज्यादातर बच्चे हैं। डॉक्टर का कहना है कि मौसम में उतार-चढ़ाव से गले में टॉन्सिलाइटिस एवं खराश की समस्या बढ़ गई है।
जिला अस्पताल में रोजाना एक हजार से अधिक मरीज आ रहे हैं। इनमें 60 से 70 मरीज नाक, कान गला रोग विभाग में आ रहे हैं। यहां प्रतिदिन आठ से 10 मरीजों में टॉन्सिलाइटिस पाया जा रहा है। संक्रमण की चपेट में हर आयु वर्ग के लोग हैं, लेकिन बच्चों की संख्या अधिक है।
ईएनटी सर्जन डॉ. एसएस कन्नौजिया के मुताबिक, टॉन्सिलाइटिस का लक्षण दो सप्ताह बाद नजर आने लगते हैं। निगलने में दिक्कत होती है। दवाओं के सेवन से एक से दो सप्ताह ठीक हो जाता है। गुनगुने पानी से गरारा फायदेमंद रहता है। यह बीमारी वायरस के कारण फैलती है। उन्होंने बताया कि इस मौसम में फ्रिज का पानी नहीं पीना चाहिए। इन दिनों कभी तेज गर्मी हो रही है तो कभी बारिश। ऐसे में आइसक्रीम, दही एवं खट्टे खाद्य पदार्थों का सेवन कम होना चाहिए। बाहर की फुल्की-चटपटा खाद्य पदार्थ के सेवन से परहेज करना चाहिए।