संकल्प 2017 को पूरा करने निकले भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने बस्ती की धरती से चुनावी शंखनाद किया। कहा कि गोरक्षप्रांत की 62 विधानसभा सीटों पर कमल खिलेगा। प्रदेश में पूर्ण बहुमत की सरकार भाजपा की ही बनेगी। जरूरत है कि कार्यकर्ता केंद्र की जनकल्याणकारी योजनाओं को जन जन तक पहुंचाएं। सपा और बसपा को यूपीए सरकार के 10 साल में पाप का भागीदार बताया। कहा कि प्रदेश की भ्रष्ट और गुंडाराज को उखाड़ फेंकें।
शुक्रवार को निर्धारित समय से करीब आधा घंटे देरी से पहुंचे अमित शाह ने गोरक्षप्रांत की धरती को नमन किया। कहा कि महर्षि वशिष्ट, गोरक्षनाथ पीठ और संतकबीर ने परिवर्तन के लिए इस धरती को चुना। प्रदेश में सरकार परिवर्तन पूर्वांचल की जनता करेगी। गोरखपुर में खाद कारखाना फिर शुरू होगा। इसके लिए 22 जुलाई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुद आ रहे हैं। एम्स की जगह प्रदेश सरकार ने नहीं दी लेकिन हम जगह तलाश लेंगे। किसी गरीब को मरने नहीं देंगे क्योंकि हम जनता की सेवा करने आए हैं। पूर्वांचल ही नहीं प्रदेश की बंद चीनी मिलों को भी चलाया जाएगा। बस भाजपा को प्रदेश में एक बार मौका दीजिए। बदले में देश का नंबर एक प्रदेश बनाकर देंगे।
सपा और बसपा को निशाने पर लेते हुए कहा कि 10 साल तक केंद्र में यूपीए सरकार चलाने वाली उप्र. प्रदेश की ये दो पार्टियां अब कांग्रेस को गाली देकर जनता को गुमराह कर रहीं हैं। कांग्रेस मुक्त भारत हुआ अब सपा और बसपा मुक्त प्रदेश बनाएं। कांग्रेस महासचिव पर निशाना साधते हुए कहा कि मोदी सरकार के दो साल के कार्यकाल का हिसाब मांगने वाले राहुल बाबा मेरे जवाब देने के पहले विदेश चले गए। फिर भी सुन लें कि भाजपा ने बोलने वाला प्रधानमंत्री दिया है। जबकि यूपीए सरकार के प्रधानमंत्री बोलते ही नहीं थे। भाजपा ने भ्रष्टाचार मुक्त सरकार दिया, विरोधी भी अंगुली नहीं उठा सकते जबकि यूपीए सरकार में घोटालों की लंबी लिस्ट है। अंतरिक्ष हो या आकाश, धरती हो या पाताल सब जगह घोटाला किया। इनके इस पाप में बसपा और सपा बराबर की भागेदार है क्योंकि 10 साल इन्हीं के बल पर केंद्र में सोनिया मनमोहन की सरकार चली। 12 लाख करोड़ का घोटाला हुआ है। मोदी सरकार की जनधन, उज्ज्वला, मुद्रा बैंक और ग्राम ज्योति योजनाएं गरीबों के लिए हैं जिसका लाभ लोगों को मिल रहा है।
अमित शाह ने कहा कि प्रदेश में हजारों करोड़ रुपये केंद्र सरकार से मिले लेकिन इन योजनाओं को ठीक ढंग से प्रदेश सरकार इस लिए लागू नहीं कर रही कहीं उसका पत्ता न साफ हो जाए। उदाहरण दिया कि जैसे हाईटेंशन लाइन को घरेलू लाइन में बदलने के लिए ट्रांसफार्मर और अन्य उपकरण लगाए जाते हैं लेकिन दोनों के बीच की डिब्बी जल जाए तो बदल दिया जाता है। ठीक उसी प्रकार केंद्र की करोड़ों की योजनाएं लखनऊ की डिब्बी(सरकार) खराब होने कारण नहीं पहुंच पा रही। इस डिब्बी (अखिलेश सरकार) को जल्द से जल्द बदल दें।