मुंडेरवा। रामपुर रेवटी गांव में श्री राम कथा के चौथे दिन बाल व्यास साध्वी प्रज्ञा ने कहा कि सत्य से बड़ा कोई धर्म नहीं होता और असत्य के समान कोई अधर्म नहीं होता है। जीवन में सत्य का संकल्प लें तभी जीवन सार्थक माना जाएगा। उन्होंने कहा कि हर ग्रंथ में किसी न किसी देवी देवता की वंदना की गई है। मानव के लिए परम धर्म सत्य के मार्ग पर चलकर और निष्काम भाव से सत्संग किया जाए तो उसका पुण्य अवश्य प्राप्त होता है।
साध्वी ने बताया कि प्रभु श्रीराम मर्यादा पुरुषोत्तम है। मानस महात्म्य की कथा में बताया कि प्रभु मर्यादा पुरुषोत्तम राम के रूप में मनुष्यों को संस्कार और त्याग की सीख दी। श्रीराम का संपूर्ण चरित्र मानव जाति के लिए संदेश है। इस अवसर पर दिलीप दास गिरी, जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि सुरेंद्र तिवारी, शशांक तिवारी, सुधीर पांडेय, महातम पटेल, रामलोटन सिंह, अरुण पांडेय, सतीश सिंह आदि उपस्थित रहे।