बस्ती। बस्ती-अयोध्या हाईवे राम दरबार की राह बन गया है। अब यहां सामान्य यातायात एक तरह से ठप है। पिछले 24 घंटे से भारी वाहनों का आवागमन अयोध्या से बस्ती तक वर्जित है। फुटहिया से इन्हें टांडा मार्ग पर डायवर्ट कर दिया जा रहा है। दूसरी ओर अन्य वाहनों को भी अयोध्या की तरफ नहीं जाने दिया जा रहा है। हाईवे लगभग खाली हो चुका है। थाईलैंड, सिंगापुर, वर्मा, रंगून, मसकट, नेपाल आदि देशों के भारतीय मूल के अतिथि-श्रद्धालुओं का आना शुरू हो गया है। दूर-दराज से आने वाले रामभक्त हाईवे पर पूछ-पूछ कर आगे बढ़ रहे हैं। हाईवे पर लोक यात्री भी पूछ-पूछ कर आगे बढ़ रहे हैं।
बस्ती से अयोध्या तक हाईवे को पुलिस ने अपने घेरे में कर लिया है। प्रत्येक इंट्री प्वाइंट पर पुलिस का पहरा है। कांटे से अयोध्या सीमा तक करीब 70 किमी की दूरी में हाईवे पर पुलिस की नजर है। जैसे ही कोई वाहन अयोध्या की तरफ जाते हुए दिखाई पड़ रहा है पुलिस कर्मी सक्रिय हो जा रहे है। उन्हें पिकेट के पास रोक लिया जा रहा है। गहनता से पूछताछ के बाद आगे बढ़ने दिया जा रहा है। बस्ती और अयोध्या सीमा में रहने वाले लोकल यात्री भी हाईवे पर सहम कर चल रहे हैं। वह जगह-जगह मौजूद पुलिस से पूछ-पूछ कर आगे बढ़ रहे हैं। स्पष्ट कारण जानने के बाद उचित लगने पर ही पुलिस लोकल यात्रियों को सहूलियत दे रही है। वरना हाईवे पर यात्रा करने से मना कर दिया जा रहा है।
माल वाहकों के आवागमन में अड़चन
हाईवे पर माल वाहकों के आवागमन में भी अड़चनें खड़ी हो गई हैं। अयोध्या से आने वाले दूध, ब्रेड जैसे आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। एक-दो वाहन अकबरपुर, टांडा के रास्ते मुख्यालय पहुंच पा रहे हैं। वहीं लोकल स्तर पर अन्य आवश्यक वस्तुओं की सप्लाई के लिए जिला मुख्यालय से हर्रैया, कप्तानगंजत, विक्रमजोत, दुबौलिया आदि कस्बों में वाहन नहीं पहुंच पा रहे हैं। बड़े व्यापारियों को पुलिस उच्चाधिकारियों से बात करनी पड़ रही है। कुछ थोक व्यापारियों ने तो रामोत्सव तक आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति करने से तौबा भी कर लिया है।
पुलिस देखते ही धीमी हो जा रही गाड़ी
हाईवे पर कार या अन्य वाहन से चल रहे यात्री खाली राह देखकर गति भर तो रहे हैं, लेकिन उन्हें मालूम है आगे कहीं रोक टोक भी होगा। क्योंकि यह राह अयोध्या जाने वाली है। इसीलिए जैसे रास्ते में पुलिस बल की मौजूदगी पर नजर पड़ रही है गाड़ी की गति धीमी हो जा रही है। करीब पहुंचने पर यात्रा का कारण और कहां तक जाना है का स्पष्ट विवरण पुलिस से पूछने से पहले यात्री खुद दे रहे हैं। इसके बाद ही उनके वाहन को आगे जाने दिया जा रहा है।
जनपद सीमा तक जा रहे कार एवं अन्य छोटे वाहन
जनपद सीमा घघौआ तक कार एवं अन्य छोटे वाहनों को वाजिब कारण जानने के बाद चलने दिया जा रहा है। मगर, इनकी छिटपुट की ही संख्या है। सीमा पर पुलिस की बैरिकेडिंग लोकल वाहनों के लिए नहीं खुल रही है। अयोध्या जाना बिल्कुल प्रतिबंधित हो गया है। केवल यूपी- 42 नंबर के वाहन या देश- विदेश के अतिथि श्रद्धालुओं को ही अयोध्या जाने दिया जा रहा है।
कुछ लोकल यात्रियों ने तो बदल दी राह
ऐसे लोकल यात्री जिनके पास हाईवे के अलावा मुख्यालय आने के लिए विकल्प है उन्होंने अपनी राह बदल दी है। बभनान, गौर, परशुरामपुर के लोग पचपेड़वा और टिनिच मार्ग के रास्ते चार पहिया लेकर जिला मुख्यालय पहुंच रहे हैं। वहीं गायघाट, कुदरहा के लोग लालगंज के रास्ते बस्ती- महुली मार्ग पकड़कर मुख्यालय पहुंच रहे हैं। जबकि दुबौलिया, कप्तानगंज, कलवारी के लोग नगर बाजार होते हुए फुटहिया आकर हाईवे पकड़ने के बजाय सर्विस रोड से अमहट पहुंच जा रहे हैं। हाईवे पर प्रतिबंध होने से लोकल मार्गों पर यातायात का दबाव बढ़ गया है।
आने लगे विदेशी श्रद्धालु
थाईलैंड, मसकट, वर्मा, रंगून, चीन, नेपाल आदि देशों से प्रभु श्रीराम के अनुयायी अतिथि श्रद्धालु के रूप में पूर्वांचल के कुशीनगर, गोरखपुर और नेपाल के भैरहवा हवाई अड्डे पर उतर रहे हैं। शनिवार से हाईवे के रास्ते यह अयोध्या तक की दूरी तय करना शुरू कर दिए हैं। विदेशी श्रद्धालुओं को देखते ही पुलिस रास्ता खोल दे रही है।
सिविल ड्रेस में भी भ्रमण कर रहे सुरक्षा बलों के जवान
विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों के जवान हाईवे पर सिविल ड्रेस में भ्रमण करते हुए नजर आ रहे हैं। लोकल गाड़ियों में सवार होकर यह जवान हाईवे की दिन-रात निगरानी कर रहे हैं। आमजन में घुल मिलकर हर तरह की गतिविधि पर इनकी नजर बनी हुई है, ताकि कहीं कोई चूक न होने पाए।
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और जोर पकड़ा सफाई अभियान
रामोत्सव के अंतिम दौर में हाईवे का सफाई अभियान और जोर पकड़ लिया है। जगह-जगह सफाई कर्मियों की गारद उतरी हुई है। अयोध्या की राह चमकाई जा रही है। ताकि इस रास्ते आने-जाने वाले अतिथि श्रद्धालुओं को गंदगी के नाम पर तिनका भी न दिखाई पड़े। जिले के आला अफसर खुद इसकी निगरानी कर रहे हैं।
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इन्हें मिलेगी सहूलियत
हाईवे पर वाजिब कारण बताने पर लोकल नागरिकों को आने-जाने में सहूलियत मिलेगी। प्रशासन अनावश्यक किसी को परेशान करने के पक्ष में नहीं है। अपर पुलिस अधीक्षक ओपी सिंह ने बताया कि अफवाहों के चक्कर में कोई न पड़े। यदि बस्ती से अयोध्या सीमा के बीच रहने वाले लोगों में किसी के घर शादी- व्याह, दवा, इलाज एवं अन्य जरूरी कार्य पड़ रहे हैं, तो पुलिस को स्पष्ट कारण बताकर हाईवे पर आवागमन कर सकते हैं। लोकल वाहनों को चलने दिया जा रहा है। यात्री गाड़िया भी चल रही है। 21 जनवरी से अयोध्या नहीं जाने दिया जाएगा। केवल आमंत्रित श्रद्धालु एवं वीवीआईपी लोग अपने वाहन से जा सकेंगे।