फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Basti News: डीएल बनने की प्रक्रिया हुई बंद, निराश लौटे आवेदक, बॉयोमीट्रिक कक्ष में लटका ताला

विज्ञापन
आरआई कार्यालय में लटका ताला।
विज्ञापन
बस्ती। फर्जी ढंग से निर्गत किए गए हैवी डीएल प्रकरण में परिवहन विभाग प्रदेश मुख्यालय से सारथी पोर्टल के लिए आरआई कार्यालय बस्ती में आउटसोर्स पर तैनात तीन कर्मचारियों की सेवा समाप्त होते ही डीएल की प्रक्रिया ठप हो गई है। शनिवार को परिवहन विभाग के डीटीआई सेंटर में संचालित आरआई कार्यालय में सन्नाटा पसरा रहा। कार्यालय भवन के बाहर परीक्षण ट्रैक सूना नजर आया। डीएल के लिए आवेदक पहुंचे जरूर लेकिन, कर्मचारी उपलब्ध न होने की सूचना पाकर निराश लौट गए।
विज्ञापन

कार्यालय में बॉयोमीट्रिक कक्ष, आरआई कक्ष, परीक्षण कक्ष में ताला लटका रहा। यहां केवल एक कमरा खुला मिला। जिसमें डीएल के लिए पिछले महीने स्थाई रूप से तैनात किए गए बाबू प्रेम सागर अपनी कुर्सी पर मौजूद मिले। वह पुरानी पत्रावली से संबंधित कार्य निपटा रहे थे। पूछने पर बताया कि डीएल के लिए आवेदकों की बॉयोमीट्रिक प्रक्रिया शुक्रवार दोपहर बाद से ठप हो गई है। आउटसोर्स पर तैनात कर्मचारी प्रवीन यादव, रामपाल, अखिलेश शुक्ला की सेवा मुख्यालय से समाप्त कर दी गई है। इसलिए उन्हें घर भेज दिया गया। उनकी जगह पर जब तक किसी कर्मचारी की तैनाती नहीं होगी तब तक डीएल की प्रक्रिया बहाल नहीं हो सकेगी। बगैर बॉयोमीट्रिक प्रक्रिया पूरी हुए परीक्षण एवं अप्रूवल की प्रक्रिया नहीं हो सकती है। इस बीच कार्यालय में आवेदक भी पहुंचते रहे। इस आशय की जानकारी मिलने के बाद लोग वापस लौटते रहे। वहीं कार्यालय में तैनात महिला बाबू बिन्नू सिंह का भी मुख्यालय से गोरखपुर जनपद के लिए स्थानांतरण कर दिया गया है। ऐसे में उनके कक्ष में भी ताला बंद रहा।

रोजाना बनते हैं 40 से 50 डीएल
आरआई कार्यालय में एलएमवी और हैवी डीएल मिलाकर 40 से 50 स्थाई ड्राइविंग लाइसेंस यहां रोजाना बनते हैं। शुक्रवार दोपहर बाद से यह प्रक्रिया ठप होने के बाद आवेदकों को निराश लौटना पड़ रहा है। रुधौली से आए अरविंद कुमार ने कहा कि डीएल बनवाने के लिए वह छुट्टी लेकर लखनऊ से आए हैं। यहां पहुंचने के बाद अगले हफ्ते में बुधवार के बाद बुलाया गया है। जबकि उन्हें सोमवार को ड्यूटी पर लौटना है। वहीं सल्टौआ से आए प्रसिद्ध कुमार ने बताया कि आज उन्हें स्थाई लाइसेंस के लिए ऑनलाइन तिथि मिली थी। मगर बॉयोमीट्रिक कक्ष बंद होने के कारण प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ सकी है। अब दोबारा तिथि लेने के लिए फिर से 100 रुपये देकर ऑनलाइन आवेदन कराना होगा।
विज्ञापन

आरआई का पद भी खाली
फर्जी हैवी डीएल प्रकरण तूल पकड़ने के बाद यहां तैनात तत्कालीन आरआई सीमा गौतम सबसे पहले निलंबित हुई हैं। हालांकि उनका निलंबन गोरखपुर के प्रकरण से जुड़ा बताया गया है। मगर तभी से यहां आरआई का पद रिक्त चल रहा है। स्थाई डीएल का कार्य एआरटीओ प्रशासन माला बाजपेई के जिम्मे कर दिया गया था। जबकि वाहनों के फिटनेस के लिए सिद्धार्थनगर जिले के आरआई को इस कार्यालय से सप्ताह में दो दिन के लिए संबद्ध किया गया था। मगर 15 दिन पहले उनका स्थानांतरण होने से फिटनेस का कार्य भी एआरटीओ प्रशासन के जिम्मे हो गया है। वर्तमान में केवल फिटनेस का कार्य ही हो पा रहा है। डीएल की प्रक्रिया ठप हो गई है।

डीएल की बॉयोमीट्रिक प्रक्रिया पूरी करने के लिए नए सिरे से आउटसोर्स कर्मचारियों की तैनाती होनी है। इसके लिए उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा गया है। उम्मीद है कि अगले सप्ताह कर्मचारियों की तैनाती हो जाएगी। इसके बाद डीएल की प्रक्रिया शुरू हाे जाएगी। आरआई के रिक्त पद पर तैनाती के लिए भी शासन को पत्र लिखा गया है।
विज्ञापन

माला बाजपेई, एआरटीओ, प्रशासन ।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें