जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में मां भगवती की प्रतिमाओं को श्रद्धालुओं ने मंगलवार को अंतिम विदाई दी। गाजे बाजे के साथ मां दुर्गा और उनके साथ स्थापित अन्य देवी देवताओं की प्रतिमाओं को विधि विधान से जयघोष के बीच नदियों के घाटों पर विसर्जित किया गया। शहर से सटे अति संवेदनशील गनेशपुर क्षेत्र की प्रतिमाओं का विसर्जन कुआनो के मूड़घाट पुल पर किया गया। इसके अलवा मूड़घाट ग्राम पंचायत और आस पास के कुछ ग्राम पंचायतों में स्थापित भगवती प्रतिमाओं को भी मूड़घाट पर विसर्जित किया गया।
लालगंज प्रतिनिधि के अनुसार थाना क्षेत्र में स्थापित 75 प्रतिमाओं का विजर्सन लालगंज स्थित कुआनो के घाट पर किया गया। महादेवा, कुरियार, खडौहां, बोकनार, कठैचा, सोहिला, कोप, कबरा, सिद्धनाथ, नेवारी, भिटहां, गौरा उपाध्याय, हटवा क्षेत्र में स्थापित प्रतिमाओं का विसर्जन कुआनो के तट पर हुआ।
टिनिच प्रतिनिधि के अनुसार क्षेत्र में विभिन्न घाटों पर 41 प्रतिमाओं का विसर्जन शांति पूर्वक किया गया। शिवपुर, पचलोरिया, बैरवा, अजगैवा जंगल, आमा, बघाकांडर की दुर्गा प्रतिमाएं वाराह क्षेत्र में कुआनो के चौरा महादेवा घाट पर विसर्जन किया गया।
सोनहा प्रतिनिधि के अनुसार थाना क्षेंत्र मे कुल 111 दुर्गा प्रतिमाओं में से का विसर्जन कुआनो के शिवाघाट, बैड़वा पुल. अइलाघाट, अड़वाघाट आदि पर किया गया। एसओ पुलिस बल के साथ क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था की कमान संभाले रहे।
सल्टौआ प्रतिनिधि के अनुसार सल्टौआ, जिनवा, रेहरवा, रुदलापुर, रेंगी, सिसवा, बरगदवा, देईपार, पचानू, रमवापुर, सूरतगढ़, विशुनपुर, पचमोहनी आदि में स्थापित प्रतिमाओं विसर्जन कुआनो के शिवाघाट पर किया। सांऊघाट प्रतिनिधि के अनुसार ओड़वारा, मंझरिया लुटावन, छपिया लुटावन, सिसवा माफी, देवरिया माफी, बटेला, मकबूलगंज, हटवा मोटरखाना, बनकसही ग्राम पंचायत में स्थापित दुर्गा प्रतिमाओं को कठिनइया में विसर्जित किया गया। इसी प्रकार मेढा मझारी, परसा कुंह कुंह, पकरीचन्दा, नगहरा, हसियां देवरी, छितौनी, अंडा, संडा, ससना, पिपरा सुकाली की प्रतिमाओं को कुंह कुंह स्थित पोखरे में विसर्जित किया। नरियांव, कुर्थिया, खझौला, परसा हज्जाम, सबदेइयाकला, दसौती, सोनहटी, जमोहरा, मुजहना,बिल्लौर, करमचूरा,पटखौली आदि की प्रतिमांए टेमी पुल पर विसर्जित की गईं।
वाल्टरगंज प्रतिनिधि के अनुसार थाना क्षेत्र के विभिन्न स्थानों पर कुल 95 मूर्तियों का विसर्जन कड़ी सुरक्षा के बीच कराया गया। क्षेत्र के बक्सई घाट पर 35 मूर्तियों का विसर्जन हुआ। इसी प्रकार क्षेत्र के भादी, महादेवा सहित अनेक स्थानों पर विसर्जन कराया गया।
बनकटी प्रतिनिधि के अनुसार क्षेत्र के देईसांड़, पसड़ा, नौना, पूजनगंज, सिसई, कचनी, ढ़रौरा बिरतिया, कपसौना, रमपुरवा की प्रतिमाएं कुआनो के पीड़िया में तथा धुसनाखोर बसौढ़ी, डिहिया बरहुवा, हेनौता, चित्राखोर, टिकवाजोत कनेहटी, अजमतपुर, पड़ियापार क्षेत्र कि मूर्तियां लालगंज के मनोरमा व कुआनो के घाट पर, अहिरौली, पक्कवा बाजार, गुलरिहया, गंगहर, हल्लौर जगदीशपुर , चोलखरी, गुलौरा की प्रतिमाएं इचढ़वा के चोलखरी पुल पर और कराहपीठिया, गड़ौना, डेल्हापार, कमोखर, जमुहट व धुसवा की मूर्तियों का कठिनइया के जमुहट पुल पर विसर्जन किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु रहे।