कवि गोष्ठी में मौजूद साहित्यकार। स्रोत आयोजक
बस्ती। प्रगतिशील लेखक संघ बस्ती इकाई के तत्वावधान में अर्चना श्रीवास्तव के आवास पर काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसका संयोजन डॉ. अजीत श्रीवास्तव राज ने किया। कार्यक्रम की अध्यक्षताअधिवक्ता श्याम प्रकाश शर्मा तथा मुख्य अतिथि प्रो. रघुवंश मणि एवं संचालन दीपक सिंह प्रेमी ने किया।
अध्यक्षता कर रहे श्याम प्रकाश शर्मा ने अपनी रचना सुनते हुए कवि की रचनाओं को सीप का मोती बताया और कहा कि वह इस मोती की तरह साफ सुथरे हृदय वाले व्यक्तित्व होते हैं। मुख्य अतिथि ने कहा कि ऐसी गोष्ठियां अनवरत होती रहनी चाहिए जिससे तमाम तरह की साहित्यिक विचार धाराएं सामने आती हैं। आज संवेदनाएं और मानवता खत्म होती जा रही है।
विशिष्ट अतिथि बीएन शुक्ला ने अपने अनुभवों को साझा करते हुए सभी को धन्यवाद दिया। डॉ. वीके वर्मा ने गढ़ों प्रगति के नित आयाम, कर दो अब से युद्ध विराम सुनाकर समाज को आईना दिखाया। डॉ अजीत श्रीवास्तव राज ने तुम न सोचो मुझे देखकर इस तरह, वस्तु क्रय हेतु न हूं मैं बाजार की प्रस्तुत कर कार्यक्रम को नई दिशा दी। संवाद