कप्तानगंज मे कंवारियो के बवाल के बाद पूछताछ करते आईजी मोहित अग्रवाल।
गोरखपुर के जिला जज की गाड़ी हाईवे छोड़ साइड लेन में ले जाना सबसे बड़ी भूल साबित हुई। उस लेन को पूरी तरह से कांवड़ यात्रियों ने कब्जा कर रखा था। उसी दौरान पानी की बोतल को लेकर कांवड़ियों के दो ग्रुप लड़-झगड़ रहे थे। वहां से कुछ ही दूरी पर स्थित चाय की दुकान में भी कुछ कांवड़ यात्रियों से झगड़ा होने लगा था। दोनों प्रकरण मिलाकर कप्तानगंज चौराहे पर हंगामा बरपा रहा। इस दुस्साहस का पुलिस करारा जवाब देने की तैयारी में है।
ठीक उसी समय बस्ती की ओर से जनपद न्यायाधीश की गाड़ी साइड लेन से होकर पहुंच गई। इसके कुछ ही मिनट पहले पुलिस वालों से कांवड़ियों की झड़प हो चुकी थी। माहौल तल्ख था,इसी बीच नीली बत्ती लगी कार देख वे आग बबूला हो गए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार चोरों तरफ से घेर लेने के बाद कांवड़ियों ने कार में बैठे लोगों से बोल बम कहने को बोलने लगे। न बोलने पर कार पर हमला बोल दिए। शीशे, बत्ती, नंबर प्लेट आदि तोड़ डाले। उसी दौरान गोरखपुर के सीओ, सीआरओ बस्ती,सीओ कलवारी आदि एक-एक कर पहुंचते गए और कांवड़िए उन्हें निशाना बनाते गए। करीब घंटे भर तक अराजकता का आलम रहा। जब डीएम,एसपी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे तब जाकर आताताई शांत हुए।