अमहट नदी से हटवाए जा रहे अवशेष स्रोत संगठन
बस्ती। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कुआनो संरक्षण अभियान के सकारात्मक परिणाम अब प्रत्यक्ष रूप से दिखाई देने लगे हैं। अभियान के अंतर्गत उठाए गए जनहित एवं पर्यावरण संरक्षण से जुड़े मुद्दों पर संज्ञान लेते हुए जिला प्रशासन की ओर अमहट क्षेत्र में कुआनो नदी के भीतर मौजूद अवरोधों को हटाने का कार्य शुरू कर दिया गया है। कुआनो नदी में विभिन्न स्थानों पर जमा अवशेषों एवं अवरोधों के कारण नदी का प्राकृतिक प्रवाह प्रभावित हो रहा था। जल के सुचारू प्रवाह में बाधा उत्पन्न होने से कई स्थानों पर जल ठहराव की स्थिति बन रही थी, जिससे प्रदूषण, दुर्गंध तथा मच्छरों की वृद्धि जैसी समस्याएं उत्पन्न हो रही थीं। इन परिस्थितियों का प्रभाव न केवल पर्यावरण पर पड़ रहा था, बल्कि आसपास के क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों के स्वास्थ्य एवं दैनिक जीवन पर भी इसका प्रतिकूल असर देखने को मिल रहा था।
इन समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने व्यापक स्तर पर जनजागरूकता अभियान चलाया। साथ ही, जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर नदी में उत्पन्न हो रहे अवरोधों को हटाने तथा कुआनो नदी के संरक्षण के लिए ठोस एवं त्वरित कार्रवाई की मांग की गई थी। ज्ञापन के बाद अमहट क्षेत्र में अवरोधों को हटाने की प्रक्रिया बुधवार से प्रारंभ की गई है, जो कुआनो संरक्षण अभियान की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है। यह पहल न केवल नदी के प्राकृतिक प्रवाह को दोबारा सुचारू करने में सहायक होगी, बल्कि जल की गुणवत्ता में सुधार लाने एवं प्रदूषण को कम करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। सीआरओ कीर्ति प्रकाश भारती का कहना है कि नदी की सफाई शुरू करवा दी गई है।