स्त्री शक्ति समृद्धि कार्यक्रम में मौजूद मुख्य अतिथि व अन्य महिलाएं व बच्चियां
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अमर उजाला बोनस और केनरा रोबेको म्यूचुअल फंड की पहल पर शनिवार को ‘स्त्री शक्ति समृद्धि’ कार्यक्रम का आयोजन होटल रेडिशन ब्लू में किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ 26वीं वाहिनी पीएसी कमांडेंट आईपीएस निहारिका शर्मा व पूर्व मेयर सत्या पांडेय ने किया।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता केनरा रोबेको म्यूचुअल फंड के जोनल सेल्स हेड, सेल्स, यूपी एवं उत्तराखंड, वाइस प्रेसिडेंट धीरज डीन ने कहा कि छोटे-छोटे निवेश से एक बड़ा खजाना बन सकता है, इससे मुनाफा होगा। परिवार की समृद्धि के लिए यह काफी फायदेमंद साबित होगा।
कार्यक्रम में महिलाओं को निवेश और वित्तीय सुरक्षा से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं। धीरज डीन ने कहा कि सही तरीके से किया गया निवेश भविष्य में आर्थिक मजबूती देने में मदद करता है। बचत महिलाओं का स्वभाव होता है। किसी भी परिवार की समृद्धि में महिलाओं का योगदान ज्यादा रहता है।
महिलाएं पहले किचन के डिब्बे में पैसा रखती थी, जो परिवार के लिए जरूरत पर काम आता था। आज एसआईपी में निवेश से इससे ज्यादा लाभ होगा। उन्होंने ने कहा कि लंबी अवधि के निवेश में धैर्य रखना जरूरी है। एसआईपी में किस्त के माध्यम से निवेश करने से लाभ मिलता है।
योजना जितनी जल्दी शुरू करेंगे किस्त कम देना होगा, लाभ ज्यादा होगा। आपका पैसा भारत की तरक्की में लग रहा है, भारत अब दूसरी अर्थव्यवस्था बनेगा। 2047 तक भारत की प्रति व्यक्ति आय 1,60,00 रुपये हो जाएगी। महिलाओं को रुपये का निवेश करने में आगे आना चाहिए।
इस दौरान एसआईपी, एसटीपी और एसडब्ल्यूपी के बारे में जानकारी दी गई। कार्यक्रम में महिलाओं ने निवेश से जुड़े सवाल भी पूछे, जिनका विशेषज्ञों ने जवाब दिया।
बचत करने के लिए आगे आएं महिलाएं : निहारिका शर्मा
कार्यक्रम में 26वीं वाहिनी पीएसी कमांडेंट आईपीएस निहारिका शर्मा ने कहा कि बचत करने के लिए महिलाएं आगे आएं। यह विषय महिलाओं को सबसे अलग बनाने के लिए है। महिलाएं यह नहीं जानती हैं कि वह कितना कर सकती हैं, जरूरत पर महिलाओं ने बहुत कुछ किया है।
किचन के डिब्बे में रखा पैसा जरूरत पर परिवार को दे देती थी जिससे काफी सहयोग होता था। कोविड के समय में यही छोटी बचत का महत्व समझ में आया, छोटी बचत ज्यादा काम आई। उन्होंने कहा कि तरीके से निवेश करने से यह भारतीय अर्थव्यवस्था में योगदान दे सकती है। आजकल महिलाएं पैसे को निवेश कर छोटे उद्योग से बड़े उद्योग की तरफ पहुंच रही हैं।
समृद्धि का जीता जागता रूप है स्त्री : डॉ. सत्या पांडेय
पूर्व मेयर डॉ. सत्या पांडेय ने कहा कि स्त्री का शब्द ही नारी का रूप होता है। स्त्री शक्ति का स्वरूप है। बचत करना हम महिलाओं के रक्त में होता है। जो महिलाएं पहले सोने में बचत की होंगी आज वही करोड़पति हैं। उन्होंने कहा कि बचत के साथ जब समृद्धि आएगी तो सुख से रहेंगी। छोटी बचत ही भविष्य में एक बड़े धन का मार्ग होता है। इस कार्यक्रम में निवेश करने के बारे में जानकारी पाकर महिलाएं भविष्य में लाभान्वित होंगी।