अंदरूनी चोट लगने से हुई सियाराम की मौत
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुई चोट लगने की पुष्टि
कलवारी थाने के महुआपार खुर्द की घटना
16 जुलाई को खेत के कागजात दिखाने खदान पर गए थे सियाराम
संवाद न्यूज एजेंसी
गायघाट। कलवारी थानाक्षेत्र के महुआपार खुर्द बालू खदान के पास शनिवार को मिले शव के पोस्टमार्टम की बुधवार को रिपोर्ट मिली। जिसमें बताया गया है कि किसान सियाराम की मौत अंदरूनी चोट लगने से हुई है। हालांकि पुलिस अभी यह तय नहीं कर पाई है कि उसे यह चोट कैसे लगी।
इससे पहले मृतक के भाई अमरनाथ की तहरीर पर रविवार को कलवारी पुलिस ने हत्या कर शव छिपाने के आरोप में रामललित निवासी टेंगरिहा बाबू थाना कलवारी और मुकेश चौधरी निवासी महादेवा थाना लालगंज के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया था। थानाध्यक्ष कलवारी अरविंद शाही ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में अंदरूनी चोट आने से मौत की पुष्टि हुई है। किसान सियाराम को अंदरूनी चोट कैसे लगी, जांच की जा रही है। कोई निर्दोष व्यक्ति कानून का गलत शिकार न हो, इसलिए पुलिस पूछताछ कर लोगों का बयान दर्ज कर रही है। जल्द ही मामला स्पष्ट कर गिरफ्तारी की जाएगी। बता दें कि मृतक के भाई ने कलवारी पुलिस को दिए तहरीर में आरोप लगाया था कि हमारे जमीन में इसी थानाक्षेत्र के टेंगरिहा राजा गांव निवासी बालू ठेकेदार रामललित राजभर और लालगंज थानाक्षेत्र के महादेवा निवासी मुकेश चौधरी द्वारा बालू खनन कराया जा रहा है। सियाराम के विरोध करने पर इन लोगों के द्वारा कुछ सहयोगियों के साथ 15 जुलाई को अपशब्द कहते हुए जान से मारने की धमकी दी गई थी। इसके बाद साजिश के तहत 16 जुलाई को सियाराम के खेत का कागजात मांगा गया था। भाई सियाराम शुक्रवार को शाम तीन बजे के करीब महुआपार खुर्द बालू खदान पर गये थे। जिसके बाद वह लापता हो गए। काफी खोजबीन के बाद भी भाई का पता नहीं चल सका। परिवार के लोग जब खदान पर पूछने गए तो बताया गया कि वह काफी पहले वहां से चले गए थे। अगले दिन शनिवार को गांव के चरवाहों द्वारा जानकारी हुई कि बालू खदान से 20 मीटर दूरी पर झाड़ी में सियाराम का शव पड़ा है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था।