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बस्ती: फर्जी पैरामेडिकल कॉलेज में धोखाधड़ी की जांच करेगी एसआईटी, आईजी ने दिया आदेश

Thu, 14 Sep 2023 06:00 PM IST
vivek shukla संवाद न्यूज एजेंसी बस्ती।

सार

फर्जी नर्सिंग काॅलेज खोलकर छात्र-छात्राओं से धन वसूली के मामले में कोतवाली और कप्तानगंज थाने में चार केस दर्ज है। कोतवाली में दर्ज एक केस में कप्तानगंज थानाक्षेत्र के पटखौली निवासी शालिनी वर्मा ने तहरीर दी, जिसके आधार पर 11 आरोपी नामजद किए गए हैं।
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सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : iStock
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विस्तार
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फर्जी फार्मेसी कॉलेजों खोलकर छात्र-छात्राओं से लाखों रुपये एंठने के सनसनीखेज मामले की जांच एसआईटी करेगी। बृहस्पतिवार को आईजी आरके भारद्वाज ने यह आदेश जारी किया है। यह एसआईटी कोतवाली और कप्तानगंज थाने में इस धोखाधड़ी को लेकर दर्ज चार एफआईआर की लंबित विवेचना का निस्तारण करेगी।

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चार सदस्यीय यह टीम सीओ सदर आलोक प्रसाद के पर्यवेक्षण में तफ्तीश करेगी। जिसमें क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर संजय कुमार को मुख्य विवेचक नियुक्त किया है। कोतवाली थाने के एसआई ललितकांत यादव व एसआई विरेंद्र सरोज सह विवेचक होंगे। एसपी बस्ती को इस टीम की विवेचना का समय-समय पर समीक्षा करने को कहा गया है।

अभिभावकों की शिकायत के बाद आईजी ने लिया निर्णय
बृहस्पतिवार को बी-फार्मा, डी-फार्मा के बच्चों व अभिभावकों ने आईजी से मिलकर अपनी समस्याओं को रखा। जिसे गंभीरता से लेते हुए आईजी ने एसआईटी के गठन का आदेश जारी किया। आदेश में कहा गया है कि उक्त प्रकरण से संबंधिकत जो भी पीड़ित बच्चे हैं वह एसआईटी के समक्ष साक्ष्य लेकर उपस्थित होकर अपनी समस्या को प्रस्तुत कर सकते हैं। उनकी समस्या का निस्तारण शीघ्रातिशीघ्र किया जायेगा। आईजी ने बताया कि इस प्रकरण में जो भी सफेदपोश, या सरकारी कर्मचारियों की संलिप्तता पायी जाती है तो उनके विरूद्ध भी कार्यवाही की जायेगी।
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इस वजह से हुआ केस दर्ज

फर्जी नर्सिंग काॅलेज खोलकर छात्र-छात्राओं से धन वसूली के मामले में कोतवाली और कप्तानगंज थाने में चार केस दर्ज है। कोतवाली में दर्ज एक केस में कप्तानगंज थानाक्षेत्र के पटखौली निवासी शालिनी वर्मा ने तहरीर दी, जिसके आधार पर 11 आरोपी नामजद किए गए हैं।

आरोप लगाया गया है कि सरदार पटेल सत्यांजलि पैरामेडिकल कॉलेज हर्दिया के नाम से फर्जी विद्यालय खोलकर एएनएम कोर्स के लिए दाखिला किया गया। फर्जी मार्कशीट दी गई और जब छात्रों ने पैसा वापस मांगा तो आत्महत्या कर लेने की धमकी देते हुए कालेज से भाग गए।

पुलिस ने कालेज संस्थापक सत्यप्रकाश पटेल निवासी बरगदवा थाना कोतवाली, उप प्रबन्धक मो. वासिम, गुलशन फातिमा पत्नी मो. वासिम निवासी टेमा रहमत थाना खलीलाबाद जनपद सन्तकबीरनगर, फुरकान निवासी टेमा रहमत थाना खलीलाबाद जनपद सन्त कबीर नगर, अशुतोष कनौजिया, संस्थापक सत्यप्रकाश पटेल की महिला मित्र रुपम पटेल, गायत्री वर्मा, डाॅ. राम अशीष यादव, वीके यादव, पीयूष पांडेय व अन्य अज्ञात पर केस दर्ज किया है। इससे पहले छात्रा लक्ष्मी गुप्ता निवासी जिगिना धाम थाना इटवा सिद्धर्थनगर, वर्तमान पता हरदिया थाना कोतवाली की तहरीर पर पुलिस ने कालेज संस्थापक समेत सात आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया था, जिसमें सत्यप्रकाश पटेल, मो. वासिम आदि शामिल हैं।



 
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38 लाख के गोलमाल का आरोप

कप्तानगंज थाने में निजी इंटरमीडिएट काॅलेज चलाने वाले कप्तानगंज थाना क्षेत्र के रेहरवा निवासी कृष्ण कुमार चौधरी ने दर्ज कराया था। जिसमें आरोप लगाया कि लालगंज थानानाक्षेत्र के रक्सा निवासी राम आशीष यादव, विनोद कुमार यादव निवासी बरेली और स्वतंत्र श्रीवास्तव निवासी उरई जालौन ने उन्हें डी. फार्मा, एएनएम व जीएनएम कोर्स की मान्यता दिलाने का झांसा दिया।

विश्वास दिलाने के लिए उन लोगों ने कई शिक्षण संस्थाओं का ऑनलाइन व ऑफलाइन ब्योरा दिखाया। इसके बाद छात्र-छात्राओं का प्रवेश कराने के लिए तीनों अपने खाते के अलावा अन्य खाते में करीब 38 लाख रुपये जमा करा लिया। पूछने पर उन लोगों ने बताया कि छात्रों का एडमिशन ओम साई कॉलेज ऑफ फार्मेसी उड़ीसा, जयपुरी कॉलेज ऑफ फार्मेसी उड़ीसा के अलावा भवानी पटना कॉलेज ऑफ साइंस उड़ीसा में करा दिया गया है।
 
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