कप्तानगंज(बस्ती)। थानाक्षेत्र के सेंठा में मां-बेटी की हत्या और शव जलाने के मामले को लेकर शुक्रवार को मृतका के रिश्तेदार डीआईजी से मिले। आरोपियों की गिरफ्तारी अब तक न हो पाने को लेकर शिकायत की। डीआईजी दिनेश कुमार पी. ने एसपी को अलग टीम गठित कर गिरफ्तारी कराने और पहले से घोषित 25-25 हजार रुपये पुरस्कार की राशि बढ़ाकर 50 हजार किए जाने का निर्देश दिया।
घटना को लेकर शुक्रवार शाम को डीआईजी ने पैरवीकार मृतका की बेटी सरिता दुबे, उनके पति बबलू दुबे, जेठ राजेश दुबे को अपने कार्यालय पर बुलवाया।
इन लोगों ने उन्हें बताया कि कप्तानगंज पुलिस घटना में शामिल रहे मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं कर पा रही है। हत्या में शामिल रहे आरोपी घूम रहे हैं। जिससे कभी भी हमारे परिवार के साथ अनहोनी हो सकती है। पुलिस टीमें अब तक दो महिलाओं और एक शरणदाता भर को गिरफ्तार कर पाई है।
घटना का मास्टरमाइंड कमलेश उपाध्याय उर्फ बिलोदर सहित पांच आरोपी फरार हैं। पुलिस घटना के 23 दिन बीत जाने के बाद बाद भी इनकी गिरफ्तारी नहीं कर पा रही है। इसके चलते आरोपियों से हमारे परिवार को खतरा बना हुआ हैं।
उधर, कप्तानगंज के नए एसएचओ उपेंद्र मिश्रा ने सेठा गांव में जाकर घटनाक्रम की जानकारी ली।