कप्तानगंज (बस्ती)। सेंठा गांव में 50 दिन पहले हुई मां-बेटी की हत्या के मामले में पुलिस की लगातार किरकिरी हो रही है। पुलिस टीमें दो दिन से अयोध्या धाम में छापा मार रही हैं।पुलिस की टीम में उसके एक रिश्तेदार को भी पहचान के लिए पुलिस टीमों ने साथ ले रखा है। अयोध्या के नागेश्वर नाथ मंदिर के पास पुलिस ने एक मकान में दबिश दी। उसके बाद पुलिस टीमों ने अयोध्या के कई मंदिरों में खोजबीन की। मगर, मुख्य आरोपी पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ा।
सूत्रों की माने तो मुख्य आरोपी कमलेश उपाध्याय उर्फ बिलोदर का तीन दिन पहले लोकेशन अयोध्या में मिला था। इससे पहले पुलिस प्रयागराज, उत्तराखंड और हरिद्वार सहित कई जगहों पर छापे मार चुकी है। नौ जनवरी को कोर्ट में सरेंडर करने की अर्जी देकर वह पुलिस को लगातार चकमा दे रहा है।
बता दें कि चार दिसंबर 2024 को गोदावरी देवी (58) और उनकी बेटी सौम्या (24) का घर के अंदर कमरे में 80 फीसदी जला शव मिला था। गोदावरी की बड़ी बेटी सरिता ने बड़े पिता कमलेश उपाध्याय उर्फ बिलोदर, सौतेले भाई करुणाकर उर्फ लल्लन, सगे भाई राजन उर्फ राजेश, बिलोदर के बेटे कौशल चंद्र, कमलेश की पत्नी शांति देवी, राजन की पत्नी शिल्पा, कौशल चंद्र की पत्नी रंजना और दो अन्य अज्ञात पर केस दर्ज कराया था। इनमें शिल्पा, शांति, करुणाकर, राजन और मुंबई के मो. आसिफ शेख को गिरफ्तार किया जा चुका है।