देसही देवरिया। देसही देवरिया विकास खंड क्षेत्र के गोठा रसूलपुर गांव स्थित दुर्गा मंदिर परिसर में चल रहे नौ दिवसीय रुद्र महायज्ञ के आठवें दिन बुधवार को कथा वाचिका प्रियंका द्विवेदी ने कृष्ण-सुदामा प्रसंग की कथा सुनाई।
कथा वाचिका ने कहा कि मनुष्य को हानि और लाभ से परे होकर सद्कर्म करना चाहिए। फिर जो फल आएगा, वह हितकारी होगा। सुदामा जब बचपन के सखा कृष्ण से द्वारिका मिलने पहुंचे तो उनकी दीन हीन दशा देखकर द्वारपालों ने भगा दिया, मगर जब उनकी मिलने की जिद की जानकारी द्वारिकाधीश को हुई तो वह नंगे पैर ही मित्र से मिलने दौड़ पड़े। उनके प्रेम को देख कर सुदामा भी चकित रह गए। इससे दोनों के बीच मित्र धर्म की पराकाष्ठा को देखकर दर्शक भी भावुक हो उठे। संवाद