बस्ती। सावन माह में निकलने वाली कांवड़ यात्रा को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस और प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए हैं। इस बार जिले में 82 स्थानों को संवेदनशील चिह्नित किया गया है, जहां विशेष पुलिस बल तैनात रहेगा।
यात्रा मार्ग की निगरानी हाई-डेफिनिशन सीसीटीवी कैमरों, ड्रोन और वीडियोग्राफी के जरिए की जाएगी, जबकि हुड़दंग या माहौल बिगाड़ने की किसी भी कोशिश पर तत्काल कानूनी कार्रवाई होगी। पिछले वर्षों में सामने आई छिटपुट हिंसा, विवाद और व्यवस्थागत कमियों को देखते हुए प्रशासन ने इस बार पहले से ही विस्तृत रणनीति तैयार की है।
खुफिया तंत्र और स्थानीय पुलिस के इनपुट के आधार पर पूरे कांवड़ मार्ग को 11 जोन और 20 सेक्टर में विभाजित किया गया है। जिन क्षेत्रों में पूर्व में सांप्रदायिक तनाव, रूट विवाद या तोड़फोड़ की घटनाएं हुई थीं, उन्हें अतिसंवेदनशील श्रेणी में रखा गया है।
इन स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल के साथ ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों से चौबीसों घंटे निगरानी की जाएगी। कांवड़ मार्ग, शिव मंदिरों और प्रमुख जलाभिषेक स्थलों पर हाई-डेफिनिशन कैमरे लगाए जा रहे हैं। बाबा भदेश्वरनाथ मंदिर परिसर में कैमरे स्थापित कर दिए गए हैं।
सोशल मीडिया पर भी विशेष निगरानी प्रकोष्ठ सक्रिय रहेगा। भड़काऊ पोस्ट, अफवाह या आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित करने वालों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही यात्रा अवधि में भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक और रूट डायवर्जन की व्यवस्था भी लागू रहेगी, ताकि श्रद्धालुओं और आम नागरिकों को कम से कम असुविधा हो।
मानक से अधिक आवाज और ऊंचे डीजे पर होगी कार्रवाई : यात्रा के दौरान डीजे की ऊंचाई और निर्धारित सीमा से अधिक ध्वनि स्तर पर सख्ती बरती जाएगी। पारंपरिक मार्गों को लेकर पूर्व में हुए विवादों को देखते हुए पुलिस ने दिशा-निर्देश जारी किए हैं। डीआईजी रेंज की ओर से डीजे संचालकों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। विवादास्पद गीतों और आपत्तिजनक सामग्री पर भी पुलिस की विशेष नजर रहेगी।
विद्युत पोल किए जा रहे सुरक्षित, सफाई और सुविधाएं भी दुरुस्त : अयोध्या-बस्ती कांवड़ मार्ग पर विद्युत पोलों को सुरक्षा की दृष्टि से पॉलीथिन से कवर किया जा रहा है ताकि करंट उतरने की आशंका न रहे। नगर पालिका अमहट से सिविल लाइंस, भूअर, गांधीनगर मार्ग, मालवीय रोड और कंपनीबाग-बड़ेवन फोरलेन तक सफाई, बैरिकेडिंग और सड़क मरम्मत का कार्य करा रही है। अमहट क्षेत्र में कंट्रोल रूम, मोबाइल शौचालय, प्रकाश व्यवस्था, नाव और छह गोताखोरों की तैनाती की जाएगी। जिला पंचायत और पंचायतीराज विभाग को भी सफाई, पेयजल और अन्य व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी सौंपी गई है।