गौर। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) में बीएलओ की कमी को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की आशाओं को बीएलओ की जिम्मेदारी दी गई है। गौर ब्लाक क्षेत्र के लगभग दस ग्राम पंचायतों में आशाओं से एसआईआर प्रपत्र फार्म भरने का कार्य किया जा रहा है। जबकि इसके अलावा ग्राम रोजगार सेवक, सफाई कर्मियों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहित कई विभाग को भी लगाया गया है। बावजूद उसके फॉर्म कंप्लीट करने में कर्मचारियों के पसीने छूट रहे हैं।
गौर विकास खंड में कुल 108 ग्राम पंचायत है। जहां इस समय लगभग सभी विभाग के कर्मचारियों को सिर्फ मतदाता पुनरीक्षण कार्य एसआईआर फॉर्म भराने का कार्य जोर-जोर से किया जा रहा है। कई ग्राम पंचायत में बीएलओ की तैनाती न होने से स्वास्थ्य विभाग की आशाओं को बीएलओ की जिम्मेदारी सौंप गई है। गौर ब्लाक क्षेत्र के जिन ग्राम पंचायत में आशाओं से बीएलओ का कार्य कराया जा रहा है।
उनमें ग्राम पंचायत अइला कला में आशा अनीता यादव, हलुआ में कुसुम, सिरसिया में संजू देवी, पतिला में पूनम देवी, करमिया शुक्ल में सीता, बरहपुर में राधा, रमवापुर में शांति, कुर्दा में मुन्नी देवी, पकड़ी जप्ती में सुधा पाठक और ग्राम पंचायत मझुआ चौबे में मंजू देवी को लगाया गया है। सीएचसी अधीक्षक डॉ भास्कर यादव ने बताया कि इस समय मतदाता पुनरीक्षण कार्य कर्मचारियों की पहली प्राथमिकता में है।