बस्ती। प्रधानमंत्री मातृत्व सुरक्षित अभियान के तहत शुक्रवार को जिला महिला अस्पताल, ओपेक चिकित्सालय कैली समेत 38 स्वास्थ्य इकाइयों पर शिविर का आयोजन किया गया। कुल, 1156 गर्भवती महिलाओं की सेहत जांची गई। जिसमें 176 गर्भवती हाई रिस्क प्रेग्नेंसी (एचआरपी) की श्रेणी में चिह्नित हुईं।
जिला अस्पताल में 150 महिलाओं के स्वास्थ्य की जांच की गई। इसमें कुल 11 महिलाएं उच्च जोखिमपूर्ण गर्भधारण श्रेणी में चिह्नित की गईं। कैली में 140 गर्भवती की जांच हुई। महिला चिकित्सक डॉ. ममता रानी ने संतुलित खानपान अपनाने की सलाह दी। हीमोग्लोबिन, यूरिन एचआईवी, अल्ट्रासाउंड सहित अन्य कई प्रकार की जांच भी की गई। सीएचसी हर्रैया में 64 गर्भवती महिलाओं का रजिस्ट्रेशन हुआ जिनमें चार महिलाएं उच्च जोखिमपूर्ण गर्भधारण श्रेणी की मिलीं।
इसके अलावा अन्य सीएचसी और दो अर्बन पीएचसी पर जांच हुई। जिला मातृ स्वास्थ्य सलाहकार राज कुमार ने बताया कि हीमोग्लोबिन की कमी होने के चलते नौ गर्भवती महिलाओं को अस्पताल में एडमिट करके खून की मात्रा बढ़ाने के लिए आयरन सुक्रोज का ड्राफ्ट चढ़ाया गया। 150 से अधिक महिलाओं का अल्ट्रासाउंड कराया गया। बताया कि एचआरपी की श्रेणी में पंजीकृत हुईं तीन महिलाओं को हॉयर सेंटर रेफर किया गया।