फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Basti News: हैंडबाल ने दिलाई पहचान...मेहनत से हासिल किया मुकाम

Fri, 14 Nov 2025 01:21 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
विज्ञापन
इंटरनेशनल हैंडबॉल ​खिलाड़ी आराधना त्रिपाठी की फाइल फोटो।
विज्ञापन
बस्ती। बस्ती के महुआरी की रहने वाली अंतरराष्ट्रीय हैंडबॉल खिलाड़ी आराधना त्रिपाठी ने 11 वर्ष की उम्र में हैंडबाल में हाथ आजमाना शुरू किया तो पीछे मुड़कर नहीं देखा।
विज्ञापन

तीन बार विदेश में भारतीय हैंडबॉल टीम की सदस्य रहीं आराधना को खेल के बूते आयकर विभाग मुंबई में नौकरी मिली है, मगर उनकी हसरत है कि वह देश के लिए कुछ बड़ा करें। इसके लिए वह रोजाना चार-पांच घंटे प्रैक्टिस करती हैं।
शहीद सत्यवान सिंह स्पोर्ट्स स्टेडियम में चल रही राज्य स्तरीय महिला हैंडबॉल प्रतियोगिता में अयोध्या मंडल की टीम से खेलने आईं आराधना (22) ने बृहस्पतिवार को बातचीत में बताया कि जब उसने बस्ती के स्पोर्ट्स स्टेडियम में हैंडबॉल की प्रैक्टिस शुरू की तो उसके शुरुआती कोच सुरेश बोनकर थे। उन्होंने ही हैंडबॉल की बारीकियां सिखाईं। बाद में कोच परमिंदर सिंह ने उसके खेल को और निखारा।
विज्ञापन

अब तक वह देश के लिए कजाकिस्तान, उज्बेकिस्तान और बंगलादेश में खेल चुकी है। कजाकिस्तान में मार्च 2022 में आयोजित नौवीं एशियन वूमेन यूथ हैंडबॉल चैंपियनशिप में प्रतिद्वंद्वी टीम के खिलाड़ियों को खूब छकाया। आराधना कहती हैं कि बहुत कम खिलाड़ी ऐसे होते हैं जिन्हें देश के लिए खेलने का मौका मिल पाता है। मैं सौभाग्यशाली हूं कि मुझे यह मौका मिला।
उसने बताया कि बस्ती के स्टेडियम में खेलते-खेलते उनका चयन 2016 में स्पोर्ट्स हॉस्टल अयोध्या में हो गया। अलीगढ़ में हुए सीनियर नेशनल हैंडबाल प्रतियोगिता में उसने तीन स्वर्ण अपनी झोली में किए। इसके बाद उनका चयन अंतरराष्ट्रीय टीम में हो गया, मगर अब भी वह अयोध्या मंडल की टीम से खेलती हैं। क्योंकि यहीं से उसे पहचान मिली है। बताया कि खेल कोटे से 2024 में उसे आयकर विभाग मुंबई में एमटीएस (मल्टी टास्किंग स्टाफ) की नौकरी मिली। आराधना ने बताया कि खेल को बढ़ावा देने के लिए सरकार हर उपाय कर रही है। खिलाड़ियों के लिए तमाम तरह की योजनाएं भी चला रही है। इसका लाभ खिलाड़ियों को लेना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें